UP : यूपी STF के तेज-तर्रार जवानों ने आज नामी-गिरामी गुंडा ललन सिंह खेल खत्म कर दिया। बिहार से लेकर यूपी तक सिरदर्द बना कुख्यात ललन सिंह को एनकाउंटर में ढेर कर दिया। कुछ मिनट चली मुठभेड़ के बाद अपराध की दुनिया का यह बड़ा नाम हमेशा के लिये खामोश हो गया। यह एनकाउंटर 700 किलोमीटर दूर लखनऊ से पहुंची STF ने किया, वहीं स्थानीय पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। यूपी STF को सूचना मिली थी कि बिहार के समस्तीपुर का रहने वाला और कई राज्यों में वांछित कुख्यात अपराधी ललन सिंह अपने एक साथी के साथ सहारनपुर में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। सूचना मिलते ही ASP लाल प्रताप सिंह के नेतृत्व में STF टीम ने सरसावा-नकुड़ रोड पर देर रात घेराबंदी कर चेकिंग शुरू कर दी। करीब तीन बजे बाइक पर सवार दो संदिग्ध युवक आते दिखाई दिये। टीम ने रुकने का इशारा किया, लेकिन जवाब में गोलियां चलने लगीं। इसके बाद STF ने मोर्चा संभाला और जवाबी कार्रवाई में सवा लाख रुपये का ईनामी बदमाश ललन सिंह गोली लगने से घायल हो गया। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हालांकि उसका एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
बुलेटप्रूफ जैकेट ने बचाई अफसरों की जान
मुठभेड़ के दौरान ललन सिंह ने ताबड़तोड़ फायरिंग की। उसकी गोली STF के अपर पुलिस अधीक्षक लाल प्रताप सिंह और निरीक्षक आदित्य कुमार सिंह की बुलेटप्रूफ जैकेट में लगी। यदि सुरक्षा उपकरण नहीं होते तो नुकसान बड़ा हो सकता था। STF के रिकॉर्ड के मुताबिक ललन सिंह अपराध की दुनिया का बेहद खतरनाक नाम था। उसके खिलाफ सात हत्याओं, बैंक डकैती, कैश वैन लूट, सरकारी हथियार लूट और पुलिसकर्मियों की हत्या जैसे गंभीर मामले दर्ज थे। उसने बिहार में कई पुलिस अधिकारियों पर हमला किया था। दो उपनिरीक्षकों की हत्या कर उनकी सरकारी पिस्टल लूट ली थी। बैंक कैशियर और सुरक्षा गार्ड की हत्या कर लाखों रुपये की लूट की वारदातों को भी अंजाम दिया था।
जेल से फरार हुआ, फिर बन गया पुलिस के लिये चुनौती
सितंबर 2022 में पटना में न्यायिक अभिरक्षा से फरार होने के बाद ललन सिंह लगातार पुलिस को चकमा देता रहा। उसके दोनों भाई भी उसके साथ फरार हुये थे, जिन्हें बाद में पुलिस मुठभेड़ में मार गिराया गया था। इसके बाद से ललन सिंह उत्तर प्रदेश, बिहार और आसपास के राज्यों की पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था। एनकाउंटर के बाद सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि बिहार के समस्तीपुर का रहने वाला ललन सिंह आखिर सहारनपुर क्यों आया था? अब तक की जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वह यहां किसी ठिकाने पर छिपा हुआ था या किसी बड़ी आपराधिक वारदात की योजना बना रहा था। उसके फरार साथी की पहचान भी अभी रहस्य बनी हुई है।
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