Dumka : दुमका के शिकारीपाड़ा थाना क्षेत्र के खाड़ुकदमा गांव में एक साथ कई बच्चे अस्पताल पहुंच गये। दरअसल, स्कूल से लौटते वक्त करीब एक दर्जन बच्चों ने रास्ते में लगे एक जहरीले फल को काजू का फल समझ लिया। खेल-खेल में उन्होंने उसका बीज निकालकर खा लिया। कुछ ही देर बाद बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। किसी को पेट में तेज दर्द हुआ, तो किसी के शरीर में ऐंठन शुरू हो गई। कई बच्चे अर्धबेहोशी की हालत में जमीन पर गिर पड़े। यह देख पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई।
आनन-फानन में अस्पताल पहुंचाये गये बच्चे
घबराये परिजन सभी बच्चों को तुरंत शिकारीपाड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने प्राथमिक इलाज शुरू किया, लेकिन छह बच्चों की हालत ज्यादा गंभीर होने पर उन्हें बेहतर इलाज के लिए दुमका के फूलो-झानो मेडिकल कॉलेज अस्पताल (PJMCH) रेफर कर दिया गया।
इन बच्चों का चल रहा इलाज
गंभीर रूप से बीमार बच्चों में अमीनुल अंसारी (8 वर्ष), शहनबाज अंसारी (7 वर्ष), जुनेद अंसारी (5 वर्ष), मोहम्मद वसीर आलम (8 वर्ष) और रिजवान अंसारी (8 वर्ष) समेत अन्य बच्चे शामिल हैं। बाकी बच्चों का इलाज शिकारीपाड़ा अस्पताल में जारी है। फूलो-झानो मेडिकल कॉलेज अस्पताल के डॉक्टरों के मुताबिक सभी बच्चों का समय पर इलाज शुरू कर दिया गया है। जरूरी दवायें दी गई हैं और फिलहाल सभी बच्चे खतरे से बाहर हैं।
इसे भी पढ़ें : मानसून में हरी पत्तेदार सब्जियां खाने से पहले दादी-नानी की ये सलाह… जानें
इसे भी पढ़ें : खामेनेई के सुपुर्द-ए-खाक होने से पहले हजारों कब्रें तैयार, वजह… जानें
इसे भी पढ़ें : कठम्बा गांव में शुरू हुई नई जलमीनार, घर-घर पहुंचेगा साफ पानी…
इसे भी पढ़ें : करमा पंचायत में बंटी खुशियों की पोटली…
इसे भी पढ़ें : चितरपुर में 29 परिवारों को मिला पशुधन…








