Palamu (Santosh Srivastav) : वह महिला चीखती-चिल्लाती जा रही थी… कोई तो मेरे होने वाले बच्चे को बचा लो। पेट पकड़ी महिला दर्द के मारे झटपटा रही थी। कभी उठती, कभी बैठती तो कभी चीखती। हर आने-जाने वाले को पुकार रही थी। ऐन वक्त पर सहारा नहीं मिलने से इस महिला का बच्चा कोख में ही मर गया। भला हो पलामू के एसपी चंदन कुमार सिन्हा का। जिनकी कोशिश से जच्चा की जान बच गयी। दिल को झकझोर देने यह वाक्या डाल्टनगंज रेलवे स्टेशन से सामने आया है। इस लोमहर्षक घटना के गवाह बने कुछ लोगों का कहना था कि अगर ऐन वक्त पर 108 एम्बुलेंस आ गयी होती तो कहानी कुछ और होती। किसी के आंगन में किलकारियां गूंजती, पर बिगड़े सिस्टम के चलते महिला मां नहीं बन सकी। यह महिला रेलवे स्टेशन के ही पास रहती है। उसका घर चैनपुर थाना क्षेत्र के शाहपुर में है।
एक गर्भवती महिला के साथ हुई यह दास्तां दो दिन बाद सामने आई। अब यह खबर मीडिया में खूब वायरल हो रही है। सूत्रों के अनुसार खबर के वायरल होने के बाद रेल प्रशासन भी जागा। एक रेल अधिकारी ने मीडिया से कहा कि उन्होंने भरपुर कोशिश की महिला की डिलवरी स्टेशन परिसर में ही हो जाए। इसके लिए हेल्थ विभाग के संबंधित अधिकारियों को कई मर्तबा फोन किया पर ना एंबुलेस आई और ना ही कोई टीम। कोख में ही बच्चे के मर जाने से आहत और दुखी मां का इलाज अब मेदिनीनगर एमआरएमसीएच अस्पताल में चल रहा है। जिसने भी यह जाना सुना वह सिस्टम को कोसने लगा। ऐसा किसी के साथ होना बहुत गलत है।
इसे भी पढ़ें : BIT Mesra Mu*rder Case : आखिरी हिचकी ले Pallavi बोली, यह क्या कर डाला Prince… देखें वीडियो
इसे भी पढ़ें : पहले पति के हाथ-पैर बांधे, फिर केरोसिन उड़ेल मार दी माचिस… देखें क्यों
इसे भी पढ़ें : सीएम की चेतावनी : बहन-बेटी को छेड़ा, तो पुलिस चौराहे पर करेगी ढेर








