Delhi : स्वतंत्रता दिवस से पहले राजधानी दिल्ली की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जा रहा है। इसी कड़ी में दिल्ली पुलिस ने सभी थानेदारों (SHO) को सेकंड-हैंड कारों के कारोबार पर विशेष नजर रखने और पुराने वाहनों के दस्तावेजों की गहन जांच करने के निर्देश दिये हैं। यह फैसला शनिवार को पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय बैठक में लिया गया। बैठक में स्पेशल सेल के स्पेशल CP अनिल शुक्ला ने भी स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर सुरक्षा तैयारियों की विस्तृत जानकारी अधिकारियों के साथ साझा की।
पुरानी कारों पर क्यों बढ़ी सख्ती?
सूत्रों के अनुसार, पुलिस को निर्देश दिया गया है कि सेकंड-हैंड कार डीलरों के यहां विशेष अभियान चलाकर यह सुनिश्चित किया जाये कि बेची जा रही सभी गाड़ियों के कागजात पूरी तरह वैध और अद्यतन हों। हालांकि, पुराने वाहनों की जांच पुलिस के लिये नई प्रक्रिया नहीं है, लेकिन पिछले वर्ष लाल किले के पास हुये कार विस्फोट के बाद इस अभियान को और अधिक गंभीरता से लिया जा रहा है। बैठक में उस मामले का भी उल्लेख किया गया, जिसमें इस्तेमाल की गई सेकंड-हैंड हुंडई i20 कई बार खरीदी और बेची गई थी, लेकिन उसका आधिकारिक स्वामित्व समय पर ट्रांसफर नहीं किया गया था। इसी अनुभव को देखते हुये अधिकारियों को निर्देश दिये गये कि वाहन खरीद-बिक्री के दौरान दस्तावेजों की पूरी जांच सुनिश्चित की जाये। वहीं, यह भी कहा गया कि सेकंड-हैंड कार डीलरों के माध्यम से चोरी की गाड़ियों की खरीद-बिक्री पर भी कड़ी निगरानी रखी जाये। सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली में ऐसे सैकड़ों डीलर हैं, जिनमें से कई अब भी पूरी तरह विनियमित नहीं हैं।
जमानत पर बाहर अपराधियों पर भी रहेगी नजर
सुरक्षा समीक्षा बैठक में अधिकारियों को उन लोगों की गतिविधियों पर भी नजर रखने के निर्देश दिये गये, जिन पर गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत मामले दर्ज हैं या जो गंभीर मामलों में जमानत पर बाहर हैं। पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार ने अधिकारियों से कहा कि सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ जन-केंद्रित और सामुदायिक पुलिसिंग को भी मजबूत किया जाये। उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) और स्थानीय लोगों के साथ नियमित संवाद बढ़ाने की सलाह दी, ताकि पुलिस और जनता के बीच भरोसा और बेहतर हो। बैठक के दौरान पुलिस आयुक्त ने हाल में हुये ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल द्वारा निभाई गई भूमिका की भी सराहना की। उस प्रदर्शन में 100 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुये थे, फिर भी पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित रखा।
इसे भी पढ़ें : बिहार की 339 ट्रेनें रद्द, 384 गाड़ियों के रूट में बदलाव…
इसे भी पढ़ें : पति को मार डाला, बच्चों की एक कॉल ने खोल दिया पूरा राज…
इसे भी पढ़ें : वर्दी पर लगा कलंक का टीका, ₹6 लाख लेने के बाद छोड़ा थाने से…
इसे भी पढ़ें : थाली छोड़ हथेली पर रोटी, वीडियो वायरल…
इसे भी पढ़ें : भोरे-भोर सड़क पर उतरे अफसर, 5 साल से बंद रास्ता खुलवाया…







