Garhwa(Nityanand Dubey) : दुलदुलवा… नाम में भले ही मिठास हो, लेकिन इन दिनों इसकी पहचान कड़वाहट से हो गई है। गढ़वा के इस दूरस्थ गांव में, जहां पहाड़ और पेड़ आज भी सुबह की ओस में भीगते हैं, वहां जिंदगी को चुपचाप कड़वा बनाने वाला कारोबार चल रहा था, देशी शराब का अवैध संसार। शनिवार की दोपहर SDO संजय कुमार इस सन्नाटे को तोड़ने निकले। बिना किसी शोर-शराबे के, बिना सुरक्षा घेरे के दिखावे के, वे पैदल ही दुलदुलवा के जंगलों में घुस पड़े, जैसे कोई एकला योद्धा अंधकार के किले पर हमला करने चला हो। दो घंटे की खोजबीन में जो सामने आया, वो हैरान करने वाला था। तीन अवैध शराब भट्टियां, जिनमें से दो तो जल रही थीं, और तीसरी ठंडी राख में भी धधकते अपराध की बू थी। डेढ़ कुंटल से अधिक महुआ जावा और बीस लीटर तैयार शराब… सब कुछ वहीं विनष्ट कर दिया गया। ये कोई फिल्मी दृश्य नहीं था, ये हकीकत थी, एक प्रशासनिक अधिकारी जंगलों में शराब माफिया की जड़ों पर कुल्हाड़ी चला रहा था।
जब गांववालों ने साध ली चुप्पी
समीक्षा बैठक में जब SDO ने मुखिया, वार्ड सदस्य और ग्रामीणों से कहा कि “सूचना दीजिये, हम कार्रवाई करेंगे” तो गांव के होठों पर ताले पड़ गये। कोई कुछ कहने को तैयार नहीं। चुप्पी चीखती रही, और इसी चुप्पी से लड़ने के लिये SDO खुद जंगलों की राह पकड़ लिये। जंगल से लौटकर उन्होंने हर गली, हर घर का दौरा किया, न थके, न रुके। बच्चों को गोद में लिया, बुजुर्गों से आंख में आंख मिलाकर कहा, “अगर इस गांव को बचाना है, तो नशे के खिलाफ बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को खड़ा होना होगा।” उन्होंने कहा कि यह सिर्फ प्रशासन की लड़ाई नहीं है, यह गांव की आत्मा को बचाने की जंग है। SDO ने संजय कुमार ने महिला समूहों से कहा कि “आप अगर चाहें तो हर घर का नक्शा बदल सकती हैं। बस अब चुप मत रहिए। जागिये, आवाज उठाइये और प्रशासन को सूचना दीजिये।” उन्होंने सच्चाई से पर्दा उठाते हुये कहा कि अब वक्त है जब पुलिस और उत्पाद विभाग को नींद से जागना होगा। उनके मुताबिक, जिस तरह से शराब का कारोबार यहां फैल चुका है, उससे स्पष्ट है कि कानून की आंखें अब तक आधी बंद थीं।
इसे भी पढ़ें : “बिना कप्तान” चल रही राज्य की पुलिस : मरांडी
इसे भी पढ़ें : कपूर खानदान की ‘मां’ को आखिरी सैल्यूट
इसे भी पढ़ें : कबूलनामे की बौछार, भुट्टो ने खुद बताया काला सच
इसे भी पढ़ें : डल झील की शाम, शिकारे की चीख… देखें वीडियो
इसे भी पढ़ें : अमेरिका का करारा ऐलान, ओसामा की तरह पहलगाम के गुनहगार भी खत्म होंगे
इसे भी पढ़ें : एयर मार्शल नर्मदेश्वर तिवारी बने नये उप वायु सेना प्रमुख
इसे भी पढ़ें : “बिना कप्तान” चल रही राज्य की पुलिस : मरांडी
इसे भी पढ़ें : कपूर खानदान की ‘मां’ को आखिरी सैल्यूट








