Kohramlive : सरकार ने घरेलू Flight के किराये पर लगाई गई अपर और लोअर लिमिट को हटा दिया है। 31 अगस्त से यह सीमा समाप्त कर दी गई है। इससे पहले लगभग 2 साल तक यह लिमिट लगी रही। मई 2020 में सरकार ने कोविड-19 के प्रकोप के चलते एयरफेयर कैपिंग की थी।अब एयरलाइंस कंपनियां टिकट की कीमतें घटा और बढ़ा सकती हैं।
एविएशन मिनिस्टर ने दी थी जानकारी
इसी महीने की शुरुआत में सिविल एविएशन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने ट्वीट किया था कि दैनिक मांग और एयर ट्रबाइन फ्यूल (ATF) की बढ़ती कीमतों को ध्यानपूर्वक विश्लेषण करने के बाद यह लिमिट हटाने का फैसला लिया गया है। स्थिरीकरण (Stabilization) शुरू हो गया है और हमें यकीन है कि यह क्षेत्र जल्दी ही घरेलू यातायात में बढ़ाने के लिए तैयार है।”
घरेलू Flight पे इस कारण से लगाई गई थी लिमिट
नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने COVID-19 महामारी के कारण 25 मई 2020 को सेवाओं को फिर से शुरू करने पर उड़ान की अवधि (Flight Duration) के आधार पर घरेलू हवाई किराए पर निचली और ऊपरी सीमा लगा दी थी। उस समय, एयरलाइनों को निर्देश दिया गया था कि वे 40 मिनट से कम की घरेलू उड़ानों के लिए किसी यात्री से 2,900 रुपये (जीएसटी को छोड़कर) से कम और 8,800 रुपये (जीएसटी को छोड़कर) से अधिक शुल्क न लें।
बता दें कि उस अवधि में किसी भी एयरलाइन को चलाने के लिए 35 फीसदी का खर्च केवल जेट ईंधन पर करना पड़ता है और इसकी कीमतों में वृद्धि होने से एयरलाइन्स की आर्थिक स्थिति भारी प्रेशर डालती। एयरलाइंस को ATF पर लगभग 30 फीसदी का टैक्स – 11 फीसदी एक्साइज और 19 फीसदी वैट (VAT) के रूप में चुकाना होता है।
इसे भी पढ़ें :बिहार से हथियार लाकर झारखंड में खपाने वालों का क्या हुआ हाल… देखें
इसे भी पढ़ें :मामा ने 2 साल के भांजे को मार दी गोली, जानें क्यों
इसे भी पढ़ें :पुलिस ने BPSC अभ्यर्थियों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा, देखें Video






