नई दिल्ली : साल 2019 के दिसंबर से आज तक पूरी दुनिया कोरोना महामारी से जूझ रही है। इस महामारी की गंभीरता और व्यापक प्रभाव को इस बात से समझा जा सकता है कि कई देश इसकी तीसरी लहर की चपेट में भी आ चुके हैं। भारत में दो लहर आ चुकी है। तीसरी की आशंका भी जताई जा रही है। सबसे खतरनाक बात यह है कि समय-समय पर कोरोना के अलग-अलग वैरिएंट देखने को मिल रहे हैं। एक के बाद दूसरा वैरिएंट और ज्यादा खतरनाक साबित हो रहा है। ऐसे में सिर्फ कोरोना प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन कर और कोरोना रोधी वैक्सीन के दोनों डोज लेकर ही इस वैश्विक महामारी से जिंदगी बचाई जा सकती है।
पूरी दुनिया कोरोना से जंग लड़ रही है। वैज्ञानिकों और डॉक्टरों के अथक प्रयास से आज दुनिया में अलग-अलग वैक्सीन उपलब्ध हैं। फिलहाल किसी भी देश के पास 2 से 4 वैक्सीन ही उपलब्ध है। ऐसे में लोगों के मन में सवाल ये उठ रहा है कि कोरोना की सबसे ज्यादा असरदार वैक्सीन कौन सी है। कौन ज्यादा बेहतर है। तो आइए, सभी उपलब्ध टीकों के प्रभाव को लेकर उठ रहे सारे सवालों की पड़ताल से होते हैं रू-ब-रू। यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड यूसीएच में संक्रामक रोग विभाग के प्रमुख डॉ. फहीम यूनुस ने ट्विटर के माध्यम से पूरी दुनिया को विश्व की 7 अधिक असरदार वैक्सिन की जानकारी साझा की है।
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7 सबसे असरदार वैक्सीन कौन-कौन
डॉ. फहीम यूनुस ने ट्विटर पर एक ग्राफिक्स शेयर किया है, जो स्टेटिस्टा साइट द्वारा तैयार किया गया है। ग्राफिक्स में कोरोना वैक्सीन की क्षमता को दर्शाया गया है। डॉ. फहीम यूनुस के ट्वीट ग्राफिक्स में लिखा गया है कि कोरोना के अलग-अलग वैरिएंट के खिलाफ इसकी क्षमता ज्यादा कम हो सकता है। डॉ. फहीम यूनुस ने स्टेटिस्टा साइट के द्वारा तैयार ग्राफिक्स के माध्यम से उपलब्ध कोरोना वैक्सीन में सबसे कम और ज्यादा असरदार वैक्सीन का जिक्र इस प्रकार किया है-
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- इस ट्वीट के मुताबिक सबसे कम असरदार वैक्सिन चीन की कोरोनावैक है। इस वैक्सीन को चीन के साइनोवैक नामक दवा कंपनी ने बनाया है। इसकी क्षमता सिर्फ 50% है। इस वैक्सीन को सातवें नंबर पर रखा गया है।
2. छठे नंबर पर आती है जॉन्सन एण्ड जॉन्सन की JNJ-78436735 वैक्सीन। यह एक डोज वाली वैक्सीन है। इसकी कोरोना के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता 66% तक है।
3. पांचवें नंबर पर आती है भारत के सीरम इंस्टीट्यूट में बनीं ऑक्सफोर्ड/एक्स्ट्राजेनेका की chAdox1 nCoV-19 यानी कोविडशील्ड। इसकी प्रतिरोधक क्षमता 70% है। दोनों डोज लेने के बाद इसकी प्रतिरोधक क्षमता 90% तक बढ़ जाती है।
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4. चौथे नंबर पर आती है अमेरिका की नोवावैक्स (NOVAVAX) कंपनी की NVX-CoV2373 कोविड-19 वैक्सीन। इसकी कोरोना के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता 89% तक है।
5. तीसरे नंबर पर आती है गैम-कोविड-वेक(Gam-Covid-Vac) स्पुत्निक-V इसकी प्रतिरोधक क्षमता 92% तक है। इसे रूस के गामालेया साईंटिफिक रिसर्च इंस्टीट्यूट में बनाया गया है।
6. दूसरे नंबर पर आती है अमेरिकी बाइयोटेक मॉडर्ना(moderna) दवा कंपनी की mRNA-1273 वैक्सीन। इसकी क्षमता 94% तक है।
7. सबसे ज्यादा असरदार और पहले नंबर पर आने वाली जर्मनी की फाइज़र बायोएनटेक (Pfizer-BioNTech) दवा कंपनी की BNT162b2 वैक्सिन है। इसकी कोरोना के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता 95% तक है।
हालांकि कोरोना के अलग-अलग वैरिएंट् के अनुसार वैक्सीनों की प्रतिरोधक क्षमता थोड़ी अलग हो सकती है।
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