Khunti : जिस तौर, तरीके और अंदाज से जवान लड़के संजय बड़ाइक और रवि और उसकी गाड़ी के खलासी रामू सिंह को काटा गया था, उसे देख तब सहसा एक पुलिस अफसर के मुख से यही निकला… सर, हो ना हो, इन दोनों मर्डर के पीछे का कारण कोई लड़की ही है। दौली और कुल्हाड़ी से दोनों को बड़ी बेरहमी से मौत के घाट उतारा गया था। संजय बड़ाइक उर्फ रवि रांची के नामकुम थाना क्षेत्र के बूतियों गांव का रहनेवाला था, वहीं खलासी रामू सिंह खूंटी के रनिया थाना क्षेत्र के लौवा गांव का रहनेवाला था। इन दोनों की डेड बॉडी बीते 28 दिसम्बर को खूंटी के अड़की थाना क्षेत्र के बदानी गांव के नजदीक गंगदा जंगल में मिली थी।
पहले पति से टूट गया रिश्ता
खूंटी के पुलिस कप्तान अमन कुमार ने डबल मर्डर केस का खुलासा करने की खातिर एक स्पेशल टीम बनाई। खूंटी के SDPO अमित कुमार और अड़की के थानेदार इकबाल हुसैन की देखरेख में टीम अनुसंधान में जुट गई। जांच में खुलासा हुआ कि संजय बड़ाइक का चक्कर एक परित्क्ता जौनी उर्फ मरियम के साथ चल रहा था। पहले पति के साथ उसका रिश्ता टूट चुका है। पति से रिश्ता टूट जाने के बाद से जौनी अपने प्रेमी संजय के साथ ही रांची के तुपुदाना इलाके में रह रही थी। इन दोनों का नाजायज रिश्ता बीते 3-4 साल से था। अचानक दोनों के रिश्ते में खटास आ गई थी। दोनों में रोज-रोज लड़ाई-झगड़ा होने लगा। लफड़ा बढ़ता चला गया। क्रिसमस से पहले भी दोनों में जोरदार झगड़ा हुआ। इसके बाद जौनी उर्फ मरियम खफा होकर अपने मायके चली गई।

एक फोन कॉल पर भागा चला गया संजय
जौनी संजय बड़ाइक को सबक सिखाना चाहती थी। उसने पहले अपने घरवालों को सबकुछ बताया और फिर खतरनाक इरादा बना लिया। पहले से तय प्लानिंग के अनुसार उसने संजय को फोन कर खूंटी के घाघरा गांव बुलाया। यह गांव अड़की थाना क्षेत्र में पड़ता है। अपने प्यार की पुकार पर संजय अपने दोस्त रामू सिंह के साथ जौनी के गांव पहुंच गया। दोनों 26 दिसम्बर को घाघरा गांव पहुंचे। पहले दोनों को खूब दारू पिलाई गई। इसके बाद जौनी से ही जुड़े छह लोग संजय और रामू को बहला-फुसला अपने साथ गंगदा जंगल में ले गये। जंगल में दोनों को बेदर्दी से काट डाला। दोनों का राम नाम सत्य करने के बाद जौनी ने सभी को पार्टी भी दिया।
मास्टरमाइंड जौनी सहित चार को खोज रही पुलिस
पहले दिन दोनों डेड बॉडी की पहचान नहीं हो पाई थी। बड़ी मशक्कत के बाद दोनों की पहचान हुई। पहचान होने के बाद गठित SIT टीम टेक्निकल सेल की मदद से हत्यारों तक पहुंच गई। पुलिस को यह भी पता चल गया कि मारे गये संजय बड़ाइक के साथ जौनी उर्फ मरियम के नाजायज संबंध थे। वहीं दोनों के रिश्ते में खटास आ गई थी। इसके बाद पुलिस ने शंकर लोहरा उर्फ काडे, राम सिंह मुंडा और सोहराय मुंडा उर्फ रुंडा को गिरफ्तार किया। तीनों ने अपना गुनाह कबूल कर लिया और डबल मर्डर के पीछे छुपे सारे राज उगल दिये। इस दोहरे हत्याकांड की मास्टर माइंड जौनी उर्फ मरियम को पुलिस बहुत जोर-शोर से खोज रही है। वहीं, इस कांड में शामिल फरार तीन अन्य लोगों की भी तलाश की जा रही है। इस दोहरे हत्याकांड को सुलझाने में पुलिस सब इंस्पेक्टर शशि प्रकाश, मनोज तिर्की, उत्तम कुमार एवं अर्जुन कुमार सिंह सहित कुछ अन्य जवानों की सराहनीय भूमिका रही।
इसे भी पढ़ें : बीवी से इतनी नफरत, क्या कर डाला देखें
इसे भी पढ़ें : दोस्त से बात कर रहे रोहन पर दाग दी कई गोलियां… देखें क्यों












