Kohramlive : अपनी वफादारी और उम्दा शिकारी करने के लिये देशी नस्ल के मशहूर मुधोल हाउंड डॉग्स को PM मोदी की हिफाजत के विशेष सुरक्षा दस्ते में इंट्री दी गई है। लंबे, दुबले पतले मुधोल कुत्तों में लंबी दूरी तक दौड़ने की क्षमता होती है। वहीं सूंघने की क्षमता जर्बदस्त है। करीब 3 किलोमीटर दूरी से किसी भी चीज को सूंघ सकते है। देशी नस्ल का यह कुत्ता करीब 50 किलोमीटर की रफ्तार से दौड़ जाता है। इसका वजन करीब 22 किलो तक रहता है। कर्नाटक के देसी नस्ल के मशहूर मुधोल हाउंड कुत्तें के दो बच्चें को PM मोदी के विशेष सुरक्षा दस्ते में जगह मिली है। इसकी नजरें खतरनाक होती है, इनके नजरों से बचना मुश्किल हो जाता है। बढ़िया लुक होने के कारण इसकी डिमांड भी खूब है। यह अपने मालिकों के प्रति बहुत वफादार माना जाता है।
मीडिया में आई खबरों के अनुसार भारतीय सेना ने यूपी के मेरठ में रिमाउंट वेटरनरी कॉर्प में नौ महीने की ट्रेनिंग देकर इन कुत्तों को विशेष सुरक्षा दस्ते में शामिल कर लिया है। मुधोल हाउंड की खासियत को देखते हुए NSG (नेशनल सिक्योरिटी गार्ड) ने भी इन्हें अपने स्क्वॉड में शामिल करने का मन बनाया है। मुधोल हाउंड को खैबर दर्रे के माध्यम से पठानों, अफगानों, अरबों और फारसियों द्वारा भारत लाया गया था। मुधोल हाउंड तीन अलग-अलग नस्लों का एक मिश्रण है। इन तीन नस्लों में ग्रेहाउंड (यूरोप और अमेरिका में पाया जाता है), स्लोफी (मुख्य रूप से उत्तरी अफ्रीका में पाया जाता है) और सालुकी (पूर्वी एशिया और भूमध्य क्षेत्र में पाया जाता है) शामिल है। कई वीवीआईपी की हिफाजत में लगाये गये ये कुत्ते कुछ की जान पहले बचा भी चुके हैं।
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