RANCHI : आखिर सरकार किस आधार पर कह रही है कि राज्य में भूख से किसी की मौत नहीं हुई है, क्या झारखंड सरकार ने भूख से मौत होने को परिभाषित किया है। ये कड़े सवाल पूछे है Jharkhand High Court ने। चीफ जस्टिस डॉ रवि रंजन व जस्टिस एसएन प्रसाद की खंडपीठ ने सरकार से दो सप्ताह में जवाब मांगी है। अगली सुनवाई 25 नवम्बर को होगी।
बोकारो में एक ही परिवार के तीन लोगों की भूख से मौत की खबर सामने आने के बाद अदालत ने संज्ञान लिया और सरकार से जवाब मांगा था। सरकार की तरफ से दाखिल जवाब में कहा गया है कि राज्य में भूख से किसी की मौत नहीं हुई है। ऐसी स्थिति ना आये, इसके लिये सरकार कई योजनायें चला रही है। राज्य सरकार की ओर से दाखिल जवाब के बाद अदालत ने अपने आदेश में कहा है कि सरकार यह स्पष्ट करें कि आखिर भूखमरी की परिभाषा क्या है। वहीं, इसको रोकने के लिए राज्य सरकार क्या तंत्र विकसित किया है। ताकि राज्य के लोगों को भूख से मौत नहीं हो।
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