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डॉक्टर की कार पर हुई फायरिंग के पीछे का सच आया सामने… देखें

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Bokaro : बोकारो के जाने माने मशहूर डॉक्टर इरफान को मारना नहीं डराना मकसद था। इस वजह से उनकी कार पर ताबड़तोड़ फायरिंग की गई थी। बदमाशों ने प्लानिंग बनाई थी कि डॉक्टर को डराने के बाद उनसे बतौर रंगदारी मोटी रकम वसूलते। प्लानिंग पूरा होने से पहले ही इस कांड में शामिल चार बदमाश धर लिये गये, वहीं दो को बड़े जोर शोर से खोजा जा रहा है। प्लानिंग यह भी था कि डॉक्टर से जो पैसा मिलता, उसमें से आधा रकम आपस में बांट लेते और आधे से अपने गैंग का विस्तार कर उसे मजबूत बनाते। योजना साकार होती, इससे पहले ही बोकारो पुलिस ने चार बदमाशों को धर दबोचा। इस बात का खुलासा गिरफ्तार बदमाश साजिद हुसैन ने पुलिस के सामने किया है। उसने अपना सारा गुनाह कबूल कर लिया है। इस कांड में शामिल बदमाशों को खोज निकालने के लिये बोकारो पुलिस कप्तान ने एक स्पेशल टीम बनाई थी। टीम में शामिल बारीडीह के इंस्पेक्टर रामप्रवेश की सराहनीय भूमिका रही। यहां याद दिला दें कि बीते 1 अक्टूबर को बीच रोड में डॉक्टर की कार पर पांच राउंड फायरिंग कर बदमाशों ने पुलिस को खुली चुनौती दे डाली थी। बोकारो पुलिस ने इस कांड को गंभीरता से लिया था।

गिरफ्तार बदमाशों ने पुलिस को दिये अपने इकबालिया बयान में खुलासा किया है कि उन्हें पता चला था कि डॉक्टर इरफान के पास बहुत पैसा है। इस वजह से उन्हें डरा उनसे अवैध उगाही करने की योजना बनाई। पहले से तय योजना के मुताबिक डॉ इरफान पर बीते 29 सितम्बर को हमला करना था, पर उस रोज डॉक्टर के घर जाने के समय में बदलाव हो गया था। नतीजा उस रोज मामला टल गया। दो दिन बाद यानी 1 अक्टूबर को घटना को अंजाम दे दिया। वारदात के दिन गैंग का एक सदस्य डॉक्टर की कार का पीछा कर रहा था। वह डॉक्टर के मूवमेंट की पल-पल की खबरें अपने साथियों को दे रहा था। सेक्टर 12 थाना क्षेत्र के तेतुलिया के पास जैसे ही रोड ब्रेकर के पास कार धीमी हुई, वैसे ही कार पर फायरिंग शुरू कर दी गई। घटना को अंजाम देने के बाद सारे अपराधी वहां से भाग निकले। यहां सबसे हैरत की बात यह है कि फायरिंग करने के बाद कुछ बदमाश डॉक्टर के घर के बाहर आये और वहां का सारा माहौल देखा और सुना। तब वहां बहुत भीड़ थी। घटना के बाद हरकत में आई बोकारो पुलिस ने टेक्निकल सेल की मदद से अपराधियों तक पहुंच गये। पकड़े गये बदमाशों में 22 साल का साजिद हुसैन, 21 साल का अली राज उर्फ मोनू, 26 साल का फैजान अली उर्फ टीपू वहीं बिहार के जमुई का मोहम्मद दानिश शामिल है। वहीं इस कांड में शामिल जमुई के ही शादाब अंसारी और मुजम्मिल अंसारी की खोज जारी है।

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