Kohramlive : “मां का शव मत लाना, शादी है घर में,” बेटे के इस एक वाक्य ने पूरे गांव की आत्मा हिला दी। गोरखपुर के कैंपियरगंज थाना क्षेत्र के भरोहियां ग्राम पंचायत में एक ऐसी घटना सामने आई, जिसने इंसानियत को ही सवालों के घेरे में खड़ा कर दिया है। जौनपुर के वृद्धाश्रम में रह रही 65 वर्षीय शोभा देवी की तबीयत बिगड़ी और सोमवार को उनकी मौत हो गई। वृद्धाश्रम के कर्मचारियों ने बेटे को फोन किया, पर उधर से पत्थर दिल जवाब आया। “मां का शव मत भेजिये, घर में शादी है, अपशकुन हो जायेगा। चार दिन फ्रीजर में रख दीजिये, शादी बाद देख लूंगा।” यह सुनकर पूरा वृद्धाश्रम, फिर गांव और अब सोशल मीडिया तक आक्रोश से भर उठा है।
बूढ़ा पति, टूटा दिल और शव को लेकर अकेला सफर
65 की उम्र में पत्नी खोने का दर्द जिस पति पर टूटा, वह थे भुआल गुप्ता। जौनपुर से शव लेकर गोरखपुर पहुंचे, पत्नी की अंतिम इच्छा, “घर से विदा होऊं,” निभाने की उम्मीद लेकर। पर वहां भी वही बेरहम नजारा, बड़े बेटे ने दरवाजा तक नहीं खोला। गांव के लोग, रिश्तेदार और बुजुर्गों ने काफी समझाया। आखिरकार दिखावटी सहमति से शादी वाले घर की थोड़ी दूरी पर घाट किनारे शोभा देवी को मिट्टी में दफना दिया गया। बूढ़े पति की चीख गांव की रूह हिला गई। दफनाते समय भुआल गुप्ता फूट-फूट कर रोते रहे, “मेरी पत्नी हिंदू रीति से विदा होने की हकदार थी, उसे जला भी नहीं पाये, मिट्टी में दफना दिया उसे कीड़े खा जायेंगे…!” उन्हें संभालना लोगों के लिये मुश्किल हो गया। उनकी यह पीड़ा पूरे गांव के दिल में तीर बनकर उतर गई।
बड़े बेटे ने दोनों को घर से निकाला था…
छोटे बेटे से कभी-कभार ही बात होती थी, पिछले कई महीनों से दंपती जौनपुर के वृद्धाश्रम में रह रहे थे। समाजसेवकों ने खाना, इलाज और देखभाल की जिम्मेदारी उठाई थी। कभी-कभार छोटे बेटे से फोन पर बात कर लेते थे। लेकिन मौत के बाद भी हालात नहीं बदले। गांव के लोगों का गुस्सा उबाल पर आ गया। गांव में लोग बेटे की हरकत से नाराज थे, सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियायें आने लगी। वीडियो और तस्वीरें तेजी से वायरल होने लगी। लोग कह रहे हैं कि “यह हमारा समाज किस दिशा में जा रहा है?” शोभा देवी को दफनाये जाने से धार्मिक रीति अधूरी रह गई। स्थानीय पंडितों ने परिवार को सलाह दी है कि आटे का पुतला बनाकर वैदिक रीति से दाह संस्कार किया जाये, ताकि अंतिम संस्कार की धार्मिक पूर्णता हो सके। वहीं, बड़ा बेटा संजय का मीडिया में अजीब बयान आया है, उसने बयान दिया कि “पिता उधारी में पैसे लेते थे। नाराज होकर घर छोड़ दिया था। शादी थी, मैंने कहा था शव को चार दिन फ्रीजर में रख दो। बाद में दाह संस्कार कर देता।” उनका यह तर्क गांव और सोशल मीडिया दोनों को बुरी तरह आहत कर रहा है।






