Ranchi : रांची प्रेस क्लब का सभागार में “राजनीति और मीडिया संवाद” विषय पर आयोजित कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला खुद पत्रकारों के बीच पहुंचे। राज्यपाल ने दो टूक कहा कि लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। राजनीति और मीडिया एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि परस्पर पूरक हैं। दोनों के संतुलन से ही लोकतंत्र मजबूत होता है। उन्होंने कहा कि अगर मीडिया सजग है, तो राजनीति जवाबदेह बनती है और यही लोकतंत्र की असली ताकत है। अपने संबोधन की शुरुआत में राज्यपाल ने कहा कि पत्रकारों के बीच आकर मुझे बेहद प्रसन्नता हो रही है। फिर उन्होंने अपने जीवन के ऐसे प्रसंग साझा किये जो राजनीति में सादगी और मर्यादा का उदाहरण हैं। छात्र जीवन में किराये का मकान, मंत्री रहते हुये भी किराये का आवास और आज राज्यपाल के रूप में संविधान के तहत मिला आवास। उनके शब्दों में “पद बदलते हैं, लेकिन लोकतंत्र की आत्मा सादगी में ही बसती है।” राज्यपाल का यह वाक्य सभागार में देर तक गूंजता रहा, “मुकदमा शायद न चले, लेकिन पत्रकारों की लेखनी जरूर चलती है। यही लेखनी सत्ता को जवाबदेह बनाती है।” उन्होंने पत्रकारों से आग्रह किया कि विनम्र रहें, जिम्मेदार रहें और हमेशा जनहित को केंद्र में रखें। कार्यक्रम में पद्मश्री से सम्मानित वरिष्ठ पत्रकार बलबीर दत्त ने भी लोकतंत्र में मीडिया की स्वतंत्रता और जिम्मेदारी पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आजादी के साथ जिम्मेदारी नहीं हो तो लोकतंत्र कमजोर पड़ता है।
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