कोहराम लाइव डेस्क : सेहत रहे सलामत तो जिंदगी की हर चाहत जिंदाबाद। अच्छी सेहत के बिना हर दौलत बेकार। कोई दौलतमंद हो या कोई गुरबत का मारा, सेहत की बुलंदी दौलत होने की सार्थकता भी है और गुरबत से लड़ने का हथियार भी। आज के तनावों से भरी दुनिया में सेहत को बिगाड़ने में खान-पान की भी कम भूमिका नहीं है। यदि कोई हेल्दी फूड की बाते करे, तो समझा जाता है कि यह स्वादहीन है। ऐसी बात नहीं है।हेल्दी फूड को स्वाद की दृष्टि से भी बेहतर बनाकर सेहत को बुलंद रखा जा सकता है। मिसाल के तौर पर टमाटर के जूस को लें। इस जूस को स्वादिष्ट बनाकर यदि नियमित रूप से अपने भोजन में शामिल किया जाए, तो आजकल की सबसे बड़ी बीमारी उच्च रक्तचाप यानी हाई ब्लड प्रेशर या बीपी को कंट्रोल किया जा सकता है। बस जूस में नमक न मिलाएं।
ध्यान रहे, बीपी कंट्रोल में आ गया तो हार्ट भी हेल्दी रहेगा, क्योंकि हृदय रोग का सबसे अहम जोखिम का कारक हाइपरटेंशन ही है। फिर भी बीपी की बीमारी के मामले में डॉक्टर की सलाह ही सर्वोपरि है।
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बैड कोलेस्ट्रॉल को भी कम करने में मददगार
हाल ही में फूड साइंस एंड न्यूट्रिशन नाम के जर्नल में जापान के शोधकर्ताओं की एक नई स्टडी समाने आई है। इसमें शामिल प्रतिभागियों पर करीब 1 साल तक नजर रखी गई और इस दौरान यह नतीजे सामने आए कि जिन लोगों ने रोजाना करीब 1 कप बिना नमक वाला टमाटर का जूस पीया, उनके ब्लड प्रेशर में 12 महीने के दौरान काफी हद तक कमी देखने को मिली। साथ ही इन लोगों के शरीर में मौजूद बैड कोलेस्ट्रॉल को भी कम करने में मदद मिली। ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल ही हार्ट डिजीज के सबसे बड़े और अहम जोखिम भरे कारक माने जाते हैं।
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ह्रदय रोग से सबसे ज्यादा मौतें
वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन (WHO) यानी विश्व स्वास्थ्य संगठन की साल 2020 की रिपोर्ट में यह बात सामने आ चुकी है कि दुनियाभर में लोगों की मौत की सबसे बड़ी वजह हृदय रोग (Heart Disease) ही है। आसान शब्दों में समझें तो हर साल हृदय रोग की वजह से ही सबसे अधिक लोगों की मौत होती है। ऐसे में हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करके काफी हद तक हार्ट डिजीज के खतरे से बचा जा सकता है। इस स्टडी में 184 पुरुषों को और 297 महिलाओं को शामिल किया गया था और उन्हें बिना नमक वाला टमाटर का जूस पीने की सलाह दी गई थी। रिसर्चर्स ने पाया कि इनमें से 94 प्रतिभागियों के बीपी पर सकारात्मक असर पड़ा।
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