रांची : मंगलवार को राष्ट्रीय आदिवासी समाज सरना धर्म रक्षा अभियान के तत्वावधान में देशवाली सरना स्थल हरमू में विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता डॉ करमा उरांव ने किया।
बैठक में निम्नलिखित निर्णय लिए गए
- विगत वर्ष 2020 में 11 नवंबर को झारखंड विधानसभा का विशेष सत्र में सरना धर्म कोड पारित हुआ। उसके उपलक्ष्य में इस वर्ष पहली वर्षगांठ के रूप में समस्त राज्य में प्रखंड से लेकर जिला, जिला से लेकर राज्य स्तरीय समारोह का आयोजन किया जाएगा।
- आगामी 14 एवं 15 नवंबर 2021 को दिल्ली में धर्मकोड संबंधी सभी राज्यों के प्रतिनिधि की बैठक एवं दूसरे दिन जंतर-मंतर में धरना देने की निर्णय को स्थगित करते हुए संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान 1 एवं 2 दिसंबर 2021 को क्रमशः प्रतिनिधि सभा, जिसमें देश के विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधि भाग लेंगे। दूसरे दिन जंतर-मंतर में सत्याग्रह सह धरना दिया जाएगा। उपरोक्त कार्यक्रम में केंद्र सरकार के समक्ष सरना धर्म कोड के संबंध में मांग रखी जाएगी और देश स्तर पर सरना धर्म कोड आंदोलन को तेज किया जाएगा।
- सरना धर्म कोड लेकर झारखंड में विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच प्रतिस्पर्धा हो रही है, यह अच्छी बात नहीं है। सरना धर्म सर्वमान्य हो चुका है, इसमें कोई टीका टिप्पणी नहीं होनी चाहिए। अन्यथा सरना धर्मावलंबी इस पर अपनी नजर रखेंगे और उनके राजनीतिक लाभ हानि को प्रभावित करेंगे।
- बैठक में कुछ नेताओं के द्वारा सरना एवं सनातन धर्म को लेकर दिये गये बयान पर रोष प्रकट किया गया।
बैठक में मुख्य रूप से सर्वश्री विधासागर केरकेट्टा, पाड़हा राजा सोमा मुण्डा, रंथू उरांव, सुशील उरांव, रवि तिग्गा, नारायण उरांव शिव प्रसाद भगत, मथुरा कंडीर, शिवा कच्छप, रेणु तिर्की, माधो कच्छप, प्रदीप तिर्की, चम्पा कुजूर, संजय कुजूर, कुईली उरांव, अनीता टोप्पो, फूलमनी उरांव, भीम तिर्की, नान्हे कच्छप, चामू बेक,बंधना टोप्पो, तानसेन गाड़ी, अर्जुन गाड़ी, बिरसा उरांव आदि उपस्थित हुए।
Read More : पॉर्न साइट पर ये क्या पढ़ा रहे मास्टर साहब, कमाई में बना डाले रिकॉर्ड
Read More : अब यह ड्रेस नहीं पहन पायेंगे आप, देखें क्यों…
Read More : एग्जाम पेपर में छात्र ने लिखा ऐसा जवाब कि हो गया वायरल, पढ़िये…
Read More : …लोगों से कहा- इन्हें मारे नहीं, हमें सूचना दें, देखें वायरल वीडियो








