Kohramlive : यूपी के बहुचर्चित हाथरस कांड में 900 दिन बाद फैसला आया है। मुख्य आरोपी संदीप को कोर्ट ने गैर इरादतन हत्या व एससी एसटी एक्ट में दोषी करार दिया है। आरोपी संदीप ठाकुर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, 50 हजार का जुर्माना लगाया है। हाथरस की स्पेशल एससी-एसटी कोर्ट त्रिलोक पाल सिंह की अदालत से 2 मार्च को यह फैसला आया है। इससे पहले कोर्ट ने चारों अभियुक्तों में से एक को दोषी पाया था। इस केस से रेप के आरोप हटा लिए गए हैं। अदालत ने चार में से तीन आरोपियों लव-कुश, रामू और रवि को बरी कर दिया है। अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता इस फैसले से संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने हाईकोर्ट जाने की बात कही है।



क्या था मामला
हाथरस के चंदपा इलाके के एक गांव में 14 सितंबर 2020 को अनुसूचित जाति की एक युवती के साथ दरिंदगी हुई थी। गांव के ही चार युवकों ने दुष्कर्म किया था और उसकी गला दबाकर हत्या करने का प्रयास किया था। 29 सितंबर 2020 में युवती ने दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में दम तोड़ दिया था। पुलिस ने युवती के बयान के आधार पर चारों अभियुक्त संदीप, रवि, रामू व लवकुश को गिरफ्तार कर लिया था। मामले की विवेचना सीबीआई ने की थी। सीबीआई ने चारों अभियुक्तों संदीप, रवि, रामू व लवकुश के खिलाफ आरोपत्र विशेष न्यायाधीश (एससी-एसटी एक्ट) के न्यायालय में दाखिल किया था। सीबीआई ने आरोप पत्र धारा 302, 376 ए, 376 डी, व एससी-एसीटी एक्ट के तहत दाखिल किया था। सीबीआई ने 67 दिनों तक विवेचना की।


इसे भी पढ़ें : होली पर रांची से यह स्पेशल ट्रेन…देखें
इसे भी पढ़ें : अब महंगी होगी बिजली, जानिए कितना बढ़ जाएगा बिल
इसे भी पढ़ें : झारखंड, बिहार और बंगाल के यात्रियों के लिए होली स्पेशल ट्रेन की घोषणा
इसे भी पढ़ें : लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स को होली से पहले बड़ा तोहफा
इसे भी पढ़ें : PNB ग्राहकों को बड़ा झटका, लागू हुआ नया नियम
इसे भी पढ़ें : बाप रे… रसोई गैस हुआ इतना महंगा…
इसे भी पढ़ें : PNB ने ग्राहकों को दिया झटका, कल से लागू होगा नया नियम












