Kohramlive : इस्राइली सेना ने गाजा में अपने सबसे बड़े दुश्मन व हमास प्रमुख याह्या सिनवार को एक मुठभेड़ में मार गिराया है। हमास नेता सिनवार सुरंग से निकलकर सुरक्षित जगह पर भागने की कोशिश कर रहा था, तभी उसे ढेर कर दिया गया। इस्राइल रक्षा बल (IDF) ने एक सटीक हमले में हमास के तीन लड़ाकों को ढेर कर दिया, जिनमें से एक याह्या सिनवार भी था। न्यूज एजेंसी एपी की रिपोर्ट के अनुसार, शुक्रवार को हमास के शीर्ष राजनीतिक अधिकारी ने याह्या सिनवार की मौत की पुष्टि कर दी। अब कहा जा रहा है कि खालिद मेशाल हमास का नया नेता बन सकता है। खबर के अनुसार बीते साल 7 अक्टूबर को सिनवार ने ही इस्राइल में घातक हमले का नेतृत्व किया था, जिसमें करीब 12 सौ लोगों की मौत हुई थी। वहीं, करीब 250 लोग बंधक बना लिये गये थे। इस हमले के बाद से इस्राइल सेना सिनवार की खोज में जुटी थी, आखिरकार खोज कर उसे मार कर ‘मिशन के सफलता’ का ऐलान कर दिया है। इस्राइली सेना ने ड्रोन फुटेज भी जारी किया है। जिसमें सिनवार मौत से पहले एक खंडहर इमारत में जख्मी हालत में बैठा हुआ दिखाई दे रहा है। नकाबपोश सिनवार कुर्सी पर बैठे हुये ड्रोन पर कोई वस्तु फेंकने की कोशिश करते हुए दिखाई दे रहा है। शीर्ष वैश्विक नेताओं ने यह उम्मीदें जताई है कि सिनवार की मौत से युद्ध का अंत जल्द हो जायेगा, वहीं इस्राइल ने कहा है कि यह गाजा में युद्ध का अंत नहीं है, बल्कि अंत की शुरुआत है।
कौन था याह्या सिनवार?
याह्या सिनवार को गाजा का सबसे ताकतवर नेता माना जाता था। वह इस्राइल की कैद में भी रहा था और करीब 24 साल जेल में बिता चुका था। इस्राइली सैनिक गिलाद शालित के बदले में इस्राइल की जेल से 1027 फलस्तीनी कैदी रिहा किये गये थे, उन्हीं कैदियों में याह्या सिनवार भी शामिल था। सिनवार ईरान का करीबी था और हमास के कट्टरपंथी समूह का नेतृत्व करता था। याह्या सिनवार इस्राइल की उस सूची में शीर्ष पर था, जिनका इस्राइल खात्मा करना चाहता था।
ऐसे मारा गया सिनवार
इस्राइली मीडिया के अनुसार, इमारत पर टैंक के गोले और मिसाइल दागे गये, खंडहर हो चुकी इमारत में घुसे और जब सिनवार ने भागने की कोशिश की तो इस्राइली सेना ने उसे मार गिराया। सिनवार के पास एक हथियार, एक फ्लैक जैकेट (विस्फोट रोकने वाला जैकेट) और 40 हजार शेकेल (करीब 90 हजार रुपये) बरामद किया गया। डीएनए हालांकि, हमास की ओर से सिनवार की मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
इस्राइल ने सिनवार को ढूंढा कैसे?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अपने जीवन के अंतिम महीनों में सिनवार ने टेलीफोन और अन्य संचार उपकरणों का इस्तेमाल करना बंद कर दिया था। हमास नेता को डर था कि इन उपकरणों से इस्राइल की खुफिया एजेंसियों को उसका पता लगाने में मदद मिल सकती थी। कहा जाता है कि वह उन सुरंगों के विशाल नेटवर्क में छिपा हुआ था, जिन्हें हमास ने पिछले दो दशकों में गाजा के नीचे खोदा था। हालांकि, जंग के दौरान इस्राइली सैनिकों ने उनमें से कई सुरंगों का पता लगा लिया है।
इस्राइली सेना के प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल हर्जी हलेवी ने मीडिया से कहा कि सिनवार की तलाश में इस्राइल ने उसे एक भगोड़ा बनने पर मजबूर कर दिया, जिसके कारण उसे कई बार अपना ठिकाना बदलना पड़ा।
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