Bihar : नेपाल में फ्लैश फ्लड के बाद बिहार में गंडक नदी को लेकर हाई अलर्ट जारी है। अचानक जलप्रवाह बढ़ने और करीब 3 मीटर ऊंची फ्लैश फ्लड वेव आने की आशंका जताई गई है। हालात को देखते हुये बिहार सरकार ने गंडक से जुड़े जिलों में राहत और बचाव की तैयारियां तेज कर दी हैं। नेपाल के रसुवा, नुवाकोट, धादिंग, गोरखा, लमजुंग और तनहं जिलों में फ्लैश फ्लड का उच्च जोखिम बताया गया है। इन इलाकों का पानी गंडक कैचमेंट से जुड़ा है। बिहार में पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण, मुजफ्फरपुर, वैशाली, सीतामढ़ी और शिवहर में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। मुजफ्फरपुर के पारू, सरैया और साहेबगंज प्रखंडों को भी संवेदनशील माना गया है। मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक हुई। सभी संबंधित जिलों के DM और SP को अलर्ट रहने और राहत-बचाव की तैयारियां पूरी रखने के निर्देश दिये गये हैं।बेगूसराय में बचाव और आवागमन के लिए 267 नावें तैयार रखी गई हैं। इनमें 21 सरकारी नाव, 239 निजी नाव और 7 मोटरबोट शामिल हैं। इसके अलावा 80 राहत शिविर और 228 सामुदायिक रसोई चिह्नित किये गये हैं। 26 जगहों पर ड्राई राशन की व्यवस्था की गई है।
मेडिकल टीम से लेकर पशु चारे तक इंतजाम
आपात स्थिति के लिए 62 मोबाइल मेडिकल टीम, 19 अस्थायी और 29 स्थायी मेडिकल कैंप तैयार हैं। जीवनरक्षक दवाओं का स्टॉक भी रखा गया है। पशुओं के लिए 52 कैंप, दवाएं और 2,500 क्विंटल पशुचारा भी तैयार रखा गया है। गोपालगंज, मुजफ्फरपुर और बेतिया में NDRF की तैनाती की जा रही है। SDRF को भी तैयार रखा गया है। SSB की QRT टीम को भी जरूरत पड़ने पर सहायता के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
गंडक बैराज के सभी 36 गेट खुले
वाल्मीकिनगर स्थित गंडक बराज के सभी 36 गेट खोल दिये गये हैं। बुधवार दोपहर 12 बजे बराज में करीब 86,000 क्यूसेक पानी पहुंचा। नेपाल के देवघाट में नारायणी नदी का जलस्तर फिलहाल 4.77 मीटर है। यहां खतरे का निशान 9 मीटर और चेतावनी स्तर 7.30 मीटर है। संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुये केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने CM सम्राट चौधरी से फोन पर बात की। उन्होंने केंद्र की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिया। फिलहाल बिहार सरकार, जल संसाधन विभाग और आपदा प्रबंधन विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाये हुये हैं।
#WATCH पटना: बिहार में बाढ़ के अलर्ट पर बिहार के जल संसाधन मंत्री विजय कुमार ने कहा, “आज स्थिति गंभीर होने की सूचना मिली। नेपाल का जो तिब्बत से सटा इलाका है वहां पर एक ग्लेसियर फटा है जिसका पानी नेपाल के त्रिशुली नदी से होते बिहार में गंढक में पानी का प्रवाह केफी तेजी से आ रहा… pic.twitter.com/zrKGygBEpd
— ANI_HindiNews (@AHindinews) August 26, 2026







