Garhwa(Nityanand Dubey) : गढ़वा समाहरणालय में कृषि, पशुपालन, मत्स्य एवं सहकारिता विभाग की अहम समीक्षा बैठक हुई। गढ़वा के DC दिनेश यादव ने साफ शब्दों में कहा कि योजनायें फाइलों में नहीं, खेत-खलिहान तक दिखनी चाहिये। बैठक में जनकल्याणकारी योजनाओं की वर्तमान स्थिति का गहन आकलन किया गया और अधिकारियों को निर्देश मिला कि हर पात्र किसान तक योजनाओं का लाभ शत-प्रतिशत पहुंचे। समीक्षा के दौरान बीज वितरण, कृषक प्रशिक्षण और मृदा स्वास्थ्य (सॉयल हेल्थ) कार्यक्रमों की धीमी प्रगति देख DC दिनेश यादव का पारा चढ़ गया। उन्होंने दो टूक कहा, अब लापरवाही नहीं चलेगी… अगली बैठक तक सभी लंबित कार्य पूरे होने चाहिये।
बैठक में किसानों से जुड़ी योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई, जैसे पीएम किसान सम्मान निधि (PM-Kisan), किसान क्रेडिट कार्ड (KCC), फसल बीमा योजना, झारखंड राज्य मिलेट्स मिशन, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन। पशुपालन विभाग को मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना, कृत्रिम गर्भाधान और पशु शेड वितरण में पूर्ण पारदर्शिता बरतने के निर्देश दिये गये।वहीं, तालाबों में मत्स्य बीज वितरण तेज करने और मत्स्य उत्पादक समूहों को मजबूत बनाने पर जोर दिया गया। सहकारिता विभाग को गोदाम निर्माण और उर्वरक लाइसेंस की स्थिति सुधारने के निर्देश मिले। DC दिनेश यादव का स्पष्ट संदेश था कि सभी विभाग आपसी तालमेल से काम करें। योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार हो, ताकि जिले का कोई भी पात्र किसान लाभ से वंचित न रहे। बैठक में उप विकास आयुक्त पशुपतिनाथ मिश्रा, जिला कृषि पदाधिकारी खुशबू पासवान, जिला मत्स्य पदाधिकारी धनराज कापसे, जिला सहकारिता पदाधिकारी नीलम कुमारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी विद्यासागर सिंह, जिला गव्य विकास पदाधिकारी गिरीश कुमार समेत कई अधिकारी और एफपीओ प्रतिनिधि मौजूद थे।






