Kohramlive : भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार 10 जून से शुरू हो रहे अंतर्राष्ट्रीय IDEA स्टॉकहोम सम्मेलन में मुख्य भाषण देंगे। तीन दिवसीय इस वैश्विक सम्मेलन में वे भारत की चुनाव प्रणाली, नवाचारों और लोकतांत्रिक अनुभवों को दुनिया के सामने प्रस्तुत करेंगे। स्वीडिश विदेश मंत्रालय, स्वीडिश चुनाव प्राधिकरण और ऑस्ट्रेलियाई चुनाव आयोग के सहयोग से आयोजित इस सम्मेलन में 100 से अधिक वैश्विक प्रतिनिधि भाग ले रहे हैं। ज्ञानेश कुमार का उद्घाटन सत्र में बोलना भारत की लोकतांत्रिक प्रणाली में विश्व समुदाय की बढ़ती रुचि और विश्वास को दर्शाता है।
प्रवासी भारतीयों से संवाद
सम्मेलन से पूर्व CEC ने स्वीडन में बसे भारतीय प्रवासियों से मुलाकात की और चुनाव आयोग की ओर से प्रवासी भारतीयों (NRIs/OCIs) की भागीदारी बढ़ाने के प्रयासों पर संवाद किया। उन्होंने ETPBMS और ऑनलाइन मतदाता पंजीकरण जैसी पहलों की जानकारी दी, जो विदेशों में रहने वाले भारतीयों को वोटिंग प्रक्रिया से जोड़ने की दिशा में मील का पत्थर हैं। ज्ञानेश कुमार इस दौरान लगभग 20 देशों के चुनाव प्रमुखों से अलग-अलग बैठकें करेंगे, जिनमें यूनाइटेड किंगडम, नीदरलैंड, फ्रांस, दक्षिण अफ्रीका, मैक्सिको, मंगोलिया और स्विट्जरलैंड शामिल हैं। इन बैठकों के माध्यम से भारत चुनावी सहयोग, प्रशिक्षण और तकनीकी आदान-प्रदान को और व्यापक बनाने की दिशा में अग्रसर होगा। स्टॉकहोम सम्मेलन चुनावों में गलत सूचना, डिजिटल व्यवधान, जलवायु परिवर्तन और AI की भूमिका जैसे समकालीन विषयों पर केंद्रित है। भारत के व्यापक और सुचारू चुनावी अनुभव इस संदर्भ में पूरी दुनिया के लिये अध्ययन का विषय बन चुका है।
भारत का लोकतंत्र, दुनिया को दिखा रहा राह
CEC ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में भारत का चुनाव आयोग न केवल घरेलू लोकतंत्र को मजबूत कर रहा है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी लोकतांत्रिक संवाद और विश्वास को सशक्त बना रहा है। उनके साथ आयोग के वरिष्ठ अधिकारी IIIDEM के महानिदेशक राकेश वर्मा, उप महानिदेशक (कानून) विजय पांडे, और प्रधान सचिव राहुल शर्मा भी प्रतिनिधिमंडल में शामिल हैं। अंतर्राष्ट्रीय लोकतंत्र सम्मेलन में जब भारत का मुख्य चुनाव आयुक्त उद्घाटन भाषण देंगे, तो भारत बोलेगा और दुनिया सुनेगी।












