UP : प्रयागराज के करेली इलाके में 11वीं के छात्र पीयूष उर्फ यश की निर्मम हत्या ने पूरे शहर को सन्न कर दिया है। हत्यारा और कोई नहीं, बल्कि उसका अपना दादा सरन सिंह निकला, जिसने अंधविश्वास और तांत्रिक के बहकावे में अपने ही पोते को मौत के घाट उतार दिया। कौशांबी का रहने वाला तांत्रिक, जो बीते कुछ महीनों से करेली में किराये पर रह रहा था, अब फरार है। उसकी तलाश में पुलिस की दो टीमें दबिश दे रही हैं। मोबाइल लोकेशन से सुराग खोजे जा रहे हैं। दादा सरन सिंह ने मंगलवार सुबह यश को बहाने से बुलाया। पहले ईंट से सिर पर वार किया, फिर कपड़े से मुंह दबाकर जान ली। इसके बाद आरी और चापड़ से सिर, हाथ-पैर और धड़ अलग कर छह टुकड़े कर दिये। फिर अलग-अलग रास्तों से शव के हिस्से नाले और कछार में फेंक आया।
टूटा परिवार, टूटी सोच
2023 में बेटी और 2024 में बेटे की आत्महत्या से टूटा सरन सिंह तांत्रिक के चक्कर में पड़ गया। उसे शक था कि उसके परिवार पर जादू-टोना किया गया है। इसी अंधविश्वास ने उसे हैवान बना दिया। पुलिस ने दादा सरन सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। हत्या में इस्तेमाल आरी और चापड़ बरामद कर लिये गये। पुलिस को अब तक सिर और धड़ मिला, हाथ-पैर की तलाश जारी। DCP अभिषेक भारती ने मीडिया से कहा, “तांत्रिक को जल्द पकड़ लिया जायेगा।”
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