Garhwa(Nityanand Dubey) : गढ़वा के बाबू दिनेश सिंह विश्वविद्यालय में 76वां संविधान दिवस बुधवार को गरिमामय माहौल में मनाया गया, जहां संविधानिक मूल्यों और जिम्मेदार नागरिक निर्माण पर विशेष जोर दिया गया।
विश्वविद्यालय के विधि विभाग, बीडीएसयू और जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA) गढ़वा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम ने छात्रों को संविधान की आत्मा, उसकी प्रासंगिकता और अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने पर केंद्रित रहा। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में DLSA सचिव निभा रंजना लकड़ा, लीगल एड डिफेंस काउंसिल नित्यानंद दुबे और विजय कुमार उपस्थित रहे। दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत कुलाधिपति दिनेश प्रसाद सिंह, कुलपति प्रो. एम. के. सिंह और विधि विभागाध्यक्ष किरण वर्मा ने की। DLSA सचिव ने विश्वविद्यालय को राज्य एवं राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण से जोड़ने का आश्वासन दिया और विधि छात्रों के लिए पुस्तकालय में पुस्तकें उपलब्ध कराने की घोषणा की। नित्यानंद दुबे ने प्राचीन न्याय परंपरा से लेकर आधुनिक भारतीय कानून तक के विकास का विस्तृत अवलोकन प्रस्तुत किया और अधिकारों के साथ कर्तव्यों को समान रूप से महत्वपूर्ण बताया।
सशक्त नागरिक निर्माण की प्रतिबद्धता
कुलाधिपति दिनेश प्रसाद सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय का लक्ष्य केवल शिक्षा प्रदान करना नहीं, बल्कि संवैधानिक मूल्यों से युक्त सशक्त नागरिकों का निर्माण है। कुलपति प्रो. एम. के. सिंह ने संविधान के अंगीकरण के ऐतिहासिक महत्व को याद करते हुए डॉ. भीमराव अम्बेडकर समेत सभी संविधान निर्माताओं के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। कार्यक्रम के दौरान DLSA सचिव के नेतृत्व में सभी उपस्थितों ने संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक पाठ किया और उसके आदर्शों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। समारोह में विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी, विभिन्न विभागों के प्रमुख, बड़ी संख्या में छात्र-छात्रायें और विधि सेवा प्राधिकरण के प्रतिनिधि मौजूद रहे। संविधान दिवस पर जिले के अन्य संस्थानों में भी प्रस्तावना का पाठ आयोजित किया गया।






