Barkagaon(Shivnarayan Sahu) : NTPC पकरी बरवाडीह कोयला परियोजना के विस्थापितों ने कट ऑफ डेट को लेकर 39 दिनों से तेरह माइल पर डेरा जमा रखा है। अब तक प्रशासन बेखबर था, लेकिन उमेश दांगी (बड़कागांव विधायक मीडिया प्रतिनिधि) ने धरना स्थल पर पहुंचकर आंदोलन को पूरा समर्थन दिया। धरनास्थल पर उमेश दांगी ने कहा “कट ऑफ डेट तभी से लागू हो जब लोगों को उजाड़ा गया। ये आंदोलन जायज है और जब तक न्याय नहीं मिलता, हम साथ हैं।” इधर, हजारीबाग सदर SDO बैद्यनाथ कामती की अगुवाई में त्रिपक्षीय वार्ता हुई। मौके पर NTPC के अधिकारी और विस्थापित प्रतिनिधि मौजूद रहे।
ये मांगें रखी गईं
- कट ऑफ डेट 2016 से बढ़ाकर मौजूदा विस्थापन की तिथि मानें
- झूठे केस हटाएं
- मजदूरों की नौकरी सुरक्षित रहे
- हटाए गए कर्मियों की बहाली हो
प्रशासन ने आश्वासन दिया कि मांगें DC और जिला स्तर पर पहुंचाई जायेंगी, लेकिन आंदोलनकारी डटे रहे। पहले DC, कंपनी और गांववालों की सामूहिक वार्ता हुई, फिर महाधरना खत्म नहीं हुआ।
39 दिन से गांधीगिरी जारी
गौरतलब है कि बीते 10 जून को पूर्व सांसद भुनेश्वर मेहता और डॉ. मिथलेश दांगी ने धरने की शुरुआत की थी। अब तक डुमरी विधायक जयराम महतो, निरसा विधायक अरूप चटर्जी, राज्य मंत्री फागू बेसरा, पूर्व विधायक लोकनाथ महतो जैसे कई नेता समर्थन में आ चुके हैं। धरना स्थल पर सैकड़ों विस्थापित, बुजुर्ग, महिलाएं, युवा मौजूद रहे। “कट ऑफ डेट नहीं बढ़ा तो आंदोलन और उग्र होगा”, युवा विस्थापित संघर्ष समिति ने चेतावनी दी है।












