spot_img
spot_img

ऐसी कहानी, जिसने लाखों दिल पिघला दिये…

Date:

spot_img
spot_img
📖भाषा चुनें और खबर सुनें:
🎙️कोहराम LIVE रेडियो

Kohramlive : प्रेम क्या है? एक रस्म? एक मंडप? या वह धड़कन, जो सबसे कठिन पल में भी साथ निभाने से पीछे नहीं हटती? केरल के कोच्चि से आई यह कहानी उसी अटूट प्रेम की मिसाल बन चुकी है, एक ऐसी प्रेम कहानी, जिसे जान-सुन दिल कह उठता है, “सच्चा प्रेम अभी भी जिंदा है…” सब कुछ तैयार था। सजावट, दीप, मेहमान, संगीत और दो दिलों की धड़कनें, जो एक नई शुरुआत के लिये बेकरार थीं। लेकिन नियति को शायद कुछ और ही मंजूर था। शादी से कुछ घंटे पहले दुल्हन अविन का भयानक एक्सीडेंट हो गया। खबर मिलते ही दूल्हा शेरोन वीएम के पैरों तले जमीन खिसक गई, वह भागा सीधे अस्पताल। इमरजेंसी वार्ड में मशीनों की आवाज थी, दवाइयों की गंध थी और बीच में दर्द से कराहती अविन, ऐसे माहौल में भला शादी कैसे हो सकती थी? लेकिन शेरोन ने साफ कहा “जहां अविन है, वहीं मेरी शादी होगी।” अस्पताल प्रशासन ने विशेष अनुमति दी। कुछ देर के लिये वार्ड शांत किया गया, परिवारों की आंखों में चिंता और उम्मीद दोनों थी, और फिर उस बिस्तर के पास खड़े होकर शेरोन ने कांपते हाथों से अविन के गले में मंगलसूत्र पहनाया। वह पल, वह दृश्य इतना भावुक, इतना पवित्र था कि वहां मौजूद डॉक्टरों तक की आंखें भर आई। डॉक्टर–नर्स बने साक्षी और प्रेम बना सबसे बड़ा विधान। शादी का यह दृश्य सोशल मीडिया पर जब वायरल होने लगा तो लाखों दिलों को छू गया। लोगों ने इसे 2006 की फिल्म ‘विवाह’ का सच्चा, असली संस्करण बताया। कमेंट्स में प्यार उमड़ पड़ा, “सच्चा प्रेम ऐसा ही होता है। ईश्वर अविन को जल्द स्वस्थ करें, यह जोड़ी अमर रहे।” हर कोई दुआ कर रहा है कि जिस प्रेम ने अस्पताल को मंदिर बना दिया, वह प्रेम हमेशा सुरक्षित रहे।

spot_img
spot_img
spot_img
spot_img

Related articles:

15 जून से इन 4 राशियों का चमकेगा भाग्य…

Kohramlive : आसमान में ग्रहों की चाल बदलने वाली...

ग्रेजुएट युवाओं के लिये SBI, BoB और सेंट्रल बैंक में निकली बंपर वैकेंसी…

Kohramlive : बैंकिंग सेक्टर में करियर बनाने का सपना देख...

अफसर बनने का बेहतरीन मौका, सैलरी डेढ़ लाख तक…

Kohramlive : सेंट्रल नौकरी की चाहत रखने वाले लोगों...

संडे स्पेशलः जन्म से मृत्यु तकः डर की डोर से बंधी जिंदगी…

Kohramlive : सुबह की पहली किरण के साथ जब...

अकेलेपन की दवा बनी AI गुड़िया, बुजुर्गों की जिंदगी में घोल रही अपनापन…

Kohramlive : बढ़ती उम्र के साथ सबसे बड़ी चुनौती...