Kohramlive : क्या आपका टूथब्रश भी तब तक चलता है, जब तक उसके ब्रिसल्स बेचारे पूरी तरह थककर चारों तरफ न फैल जायें? अगर हां, तो अपनी इस आदत को बदलने का वक्त आ गया है। दांतों को स्वस्थ रखने के लिये सिर्फ सुबह-शाम ब्रश करना ही काफी नहीं। टूथब्रश सही हालत में होना भी उतना ही जरूरी है। लंबे समय तक इस्तेमाल के बाद ब्रिसल्स मुड़ और घिस जाते हैं, जिससे वे दांतों पर जमा प्लाक को पहले जितनी प्रभावी तरीके से साफ नहीं कर पाते।
कितने दिन में बदलें टूथब्रश?
आमतौर पर हर 3 से 4 महीने में टूथब्रश बदलने की सलाह दी जाती है। लेकिन इसके लिये कैलेंडर देखने की जरूरत भी नहीं। अगर ब्रश के ब्रिसल्स, बाहर की ओर फैल गये हैं, मुड़ गये हैं, घिस चुके हैं, अपनी मूल आकृति खो चुके हैं, तो समझिये नया टूथब्रश लेने का समय आ गया है। खासकर जो लोग ब्रश करते समय ज्यादा जोर लगाते हैं, उनके ब्रिसल्स जल्दी खराब हो सकते हैं।
पुराना ब्रश चलाते रहे तो क्या होगा?
ब्रिसल्स के घिसने के साथ टूथब्रश की सफाई क्षमता भी कम हो सकती है। ऐसे में रोजाना ब्रश करने के बावजूद दांतों पर प्लाक जमा रह सकता है। वहीं, जरूरत से ज्यादा दबाव डालकर ब्रश करने से मसूड़ों में जलन और दांतों की सतह पर अनावश्यक घिसाव की समस्या हो सकती है। इसलिये ब्रश को जोर से रगड़ना नहीं, प्यार से चलाना है। सॉफ्ट-ब्रिसल वाले टूथब्रश का इस्तेमाल करना और हल्के हाथ से ब्रश करना बेहतर माना जाता है।
दिन में कितनी बार करें ब्रश?
ओरल केयर का आसान फॉर्मूला है, दिन में दो बार, करीब 2 मिनट। ब्रश करते समय सॉफ्ट-ब्रिसल वाला ब्रश और फ्लोराइड टूथपेस्ट इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है। ब्रश को मसूड़ों की लाइन के पास करीब 45 डिग्री के कोण पर रखकर हल्के हाथ से छोटे-छोटे स्ट्रोक में दांत साफ करें। टूथब्रश इस्तेमाल करने के बाद उसे साफ पानी से अच्छी तरह धोयें, ताकि टूथपेस्ट और खाने के कण उसमें चिपके न रहें। इसके बाद ब्रश को सीधा रखकर हवा में सूखने दें। गीले ब्रश को लंबे समय तक बंद कंटेनर में रखने से बचना बेहतर है, क्योंकि नमी वाले बंद वातावरण में माइक्रोबियल ग्रोथ बढ़ सकती है।
ये संकेत मिलें तो डेंटिस्ट को दिखायें
अगर मसूड़ों से बार-बार खून आता है, मसूड़े सूजते हैं, दांतों में लगातार दर्द या संवेदनशीलता रहती है या मुंह से लगातार दुर्गंध आती है, तो सिर्फ टूथब्रश बदलकर काम नहीं चलेगा।ऐसी स्थिति में डेंटिस्ट से जांच कराना जरूरी है। याद रखें, ब्रश नया, मुस्कान पुरानी वाली प्यारी!








