Ranchi : सहारा ग्रुप में मेहनत की कमाई लगाने वाले लोगों में एक नई उम्मीद जगी है। बरसों से न्याय की आस में भटक रहे पीड़ित लोगों को DGP अनुराग गुप्ता ने भरोसा दिलाया है कि हर पीड़ित को न्याय मिलेगा, उनकी मेहनत की कमाई बेकार नहीं जायेगी। DGP ने इस मसले पर एक हाई लेवल मीटिंग की। मीटिंग में सहारा ग्रुप से जुड़े लंबित मामलों की समीक्षा की गई। हर फाइल, हर दस्तावेज़ एक कहानी कह रहा था—श्रमिकों की गाढ़ी कमाई, मेहनतकश परिवारों के सपने, बुजुर्गों की उम्मीदें, जो किसी की लापरवाही की भेंट चढ़ गई थीं।
DGP अनुराग गुप्ता ने साफ निर्देश दिया कि अनुसंधान में कोई ढील न हो, तकनीक का पूरा उपयोग किया जाये, सबूतों की गहराई से जांच हो और दोषियों को कानून के शिकंजे में कसने में कोई कसर बाकी न रहे। पुलिस ने इस मामले में जांच तेज कर दी है।
बैठक में उपस्थित पुलिस पदाधिकारियों की आंखों में संकल्प साफ झलक रहा था। यह सिर्फ एक कानूनी समीक्षा नहीं थी, बल्कि उन लोगों की पीड़ा को समझने और उनके हक की लड़ाई को तेज़ करने का वचन भी था। निर्देश दिये गये, फैसले लिए गए, और बैठक समाप्त हो गई—लेकिन न्याय की लड़ाई अब और तेज़ हो चुकी थी। बैठक में ADG सुमन गुप्ता, CID के IG असीम विक्रांत मिंज, CID के ASP दीपक कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।














