Ranchi : शुक्रवार की सुबह जैसे ही झारखंड की कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की नेपाल हाउस स्थित कार्यालयों में पहुंची, वहां की हवा ही बदल गई। बिना पूर्व सूचना, बिना तामझाम मंत्री सीधे पहुंच गईं दफ्तरों की गलियों में और फिर जो हुआ, वह किसी सस्पेंस उपन्यास जैसा था। देर से आने वालों की क्लास लगी। जैसे ही उनके आने की खबर फैली, कई अधिकारी दौड़ते-भागते दफ्तर पहुंचे जैसे घड़ी के कांटे से रेस लगा रहे हों। कई कर्मचारी अब भी नदारद थे और जो थे, उनके पास बहानों की पूरी किताब थी। मंत्री ने सभी कोषांगों का जायजा लिया, कामकाज और योजनाओं की जानकारी ली, और फिर कहा “अब लापरवाही नहीं चलेगी। समय पर आना सभी की जिम्मेदारी है।”
बायोमैट्रिक से खुले राज
निरीक्षण के बाद बायोमैट्रिक अटेंडेंस से डेटा निकाला गया। देर से आने वालों और अनुपस्थित कर्मचारियों की सूची तैयार हो रही है। मंत्री के निर्देश पर इन सभी को शोकॉज नोटिस जारी किये जायेंगे। शिल्पी नेहा तिर्की ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि “कार्यसंस्कृति में सुधार हो, वरना अनुशासनात्मक कार्रवाई तय है।”








