Ranchi : झारखंड पुलिस एसोसिएशन के रांची स्थित केंद्रीय कार्यालय में हलचल तेज हो गई है। हल्की ठंडी हवा में भी चुनावी माहौल का तापमान बढ़ चुका था। प्रांतीय अध्यक्ष पद के प्रत्याशी राहुल कुमार मुर्मू ने मीडिया के सामने जब अपनी बात रखी, तो उनके शब्दों में सिर्फ चुनावी वादे नहीं, बल्कि बरसों से सुलगते सवालों की गूंज भी थी। “यह चुनाव बदलाव का संदेश है”, इस बोल ने वहां मौजूद पुलिस अधिकारियों के दिलों में उम्मीद की एक लौ जलाई। झारखंड पुलिस एसोसिएशन के इस केंद्रीय चुनाव में पूरे राज्य से 1,056 प्रतिनिधि (डेलिगेट) मतदान करेंगे। सात महत्वपूर्ण पदों के लिये होने वाले इस चुनाव में सभी जिलों और इकाइयों के पुलिसकर्मी एक नई दिशा की आस में खड़े हैं। 28 फरवरी को मतदान होगा।
पुराने जख्म, नई उम्मीदें
चुनाव की चर्चा के दौरान, यह साफ महसूस हुआ कि कई पुलिस पदाधिकारी अपनी उपेक्षा, स्थानांतरण में भेदभाव और प्रमोशन की अनिश्चितता से वर्षों से जूझ रहे हैं। उनकी आंखों में दर्द भी था और बदलाव की आस भी। राहुल कुमार मुर्मू और उनकी टीम ने वादा किया कि यदि वे विजयी होते हैं, तो झारखंड पुलिसकर्मियों के लिये वे एक नई सुबह लेकर आयेंगे। स्थानांतरण नीति में पारदर्शिता, समय पर प्रमोशन, लंबित एसीपी/एमएसीपी का लाभ, आर्थिक सुरक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार— ये उनकी प्राथमिकताएं रहेंगी।
बदलाव की इस लड़ाई में कौन-कौन हैं शामिल, जानें..
- उपाध्यक्ष प्रत्याशी: रोहित कुमार रजक, अशोक कुमार तिवारी
- महामंत्री प्रत्याशी: संजीव कुमार
- संयुक्त सचिव प्रत्याशी: संतोष कुमार महतो, राकेश कुमार पाण्डेय
- संगठन सचिव प्रत्याशी: मंटू कुमार








