New Delhi : दिल्ली में 27 साल बाद सत्ता में लौटी BJP की रेखा गुप्ता सरकार ने गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिये एक बड़ा फैसला लिया है। राजधानी के लाखों लोगों को राशन कार्ड दिलाने के लिये सरकार ने ई-वेरिफिकेशन ड्राइव की शुरुआत की है। इस पहल का मकसद उन वंचित परिवारों तक राशन योजना का लाभ पहुंचाना है, जिन्हें अब तक यह सुविधा नहीं मिल पाई थी। दिल्ली के फूड मिनिस्टर मनजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि बीजेपी सरकार जरूरतमंद परिवारों को राशन कार्ड उपलब्ध कराने के लिये पूरी प्रक्रिया को सुव्यवस्थित कर रही है। पहले के मुकाबले अब यह प्रक्रिया तेज और पारदर्शी होगी। उन्होंने कहा,“हमने हाल ही में इस विषय पर उच्च स्तरीय बैठक की थी। अब ई-वेरिफिकेशन के जरिये लाभार्थियों की पहचान की जा रही है। सत्यापन पूरा होते ही हम देखेंगे कि कितने स्लॉट उपलब्ध हैं और कितने नये राशन कार्ड जारी किये जा सकते हैं।” सरकार ने दिल्लीवासियों से अपील की है कि यदि कोई भी पात्र व्यक्ति राशन कार्ड से वंचित है तो वह फूड डिपार्टमेंट की ऑफिशियल वेबसाइट या नजदीकी राशन कार्यालय में संपर्क कर सकता है।
उपराज्यपाल ने भी उठाये थे सवाल
भाजपा सरकार ने पहले ही यह इल्जाम लगाया था कि पिछली सरकार ने जरूरतमंद लोगों को राशन कार्ड देना बंद कर दिया था। दिल्ली के उपराज्यपाल वी.के. सक्सेना ने पिछले साल इस मुद्दे पर चीफ सेक्रेटरी को पत्र लिखा था।उन्होंने कहा था कि,“दिल्ली में करीब 90,000 पात्र लोग ऐसे हैं जिन्हें अब तक राशन कार्ड नहीं मिला है। ये सभी गरीब परिवार हैं, जो सरकारी योजनाओं से वंचित हैं।”
नई सरकार की प्राथमिकता
- ई-वेरिफिकेशन के जरिये जरूरतमंद लोगों की पहचान होगी।
- नई सूची तैयार कर राशन कार्ड बांटे जायेंगे।
- प्रक्रिया को पारदर्शी और तेज बनाया जायेगा।












