Garhwa(Nityanand Dubey) : सड़क हादसे की बढ़ती घटनाओं को लेकर गढ़वा के DC शेखर जमुआर ने कई अहम निर्देश दिये। DC का स्पष्ट संदेश है कि “सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन का नहीं, बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य है। यदि हम सभी मिलकर सुरक्षा उपायों का पालन करें, तो निश्चित ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी ला सकते हैं और गढ़वा को एक सुरक्षित शहर बना सकते हैं।” इसको लेकर एक महत्वपूर्ण जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की समीक्षात्मक बैठक हुई। इस बैठक में जिला अधिकारियों को सख्त निर्देश दिये गये, ताकि सड़क हादसों में कमी लाई जा सके और सुरक्षा की स्थिति बेहतर हो। बैठक में जिला परिवहन पदाधिकारी धीरज प्रकाश ने जनवरी 2025 से मार्च 2025 के बीच हुये सड़क हादसों का आंकड़ा प्रस्तुत किया। इस दौरान कुल 47 दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें 28 लोगों की दुखद मृत्यु हुई और 35 लोग घायल हुये। इस चिंता को देखते हुये DC ने सुरक्षा उपायों को सख्ती से लागू करने की जरूरत पर जोर दिया।
मुख्य निर्देश
- घनी आबादी वाले क्षेत्रों से बड़े वाहनों का प्रवेश रोकने का आदेश: गढ़वा शहर के सघन आबादी वाले क्षेत्रों से बड़ी गाड़ियों का आवागमन बंद कर उन्हें गढ़वा बाईपास से चलने की व्यवस्था सुनिश्चित की जायेगी।
- सड़क सुरक्षा उपायों का कड़ाई से पालन: ग्रामीण क्षेत्रों में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की सड़कों को जोड़ने वाले स्थानों पर सुरक्षा उपाय जैसे स्पीड ब्रेकर, रम्बल स्ट्रिप, रेडियम साइनेज आदि लगाये जायेंगे, ताकि दुर्घटनाओं में कमी आये।
- सड़क निर्माण स्थलों पर सुरक्षा उपायों की त्वरित कार्रवाई: सहायक अभियंता को आदेश दिया गया कि वे निर्माणाधीन सड़कों पर सप्ताह भर के भीतर समुचित सुरक्षा उपाय लागू करें।
- ब्लैक स्पॉट्स पर ध्यान: अन्नराज घाटी, गुलरिया ढोड़ा और बुढ़ा परास (टेढ़ी पुल) जैसे ब्लैक स्पॉट्स पर कार्य तेज करने के निर्देश दिये गये।
- सड़क सुरक्षा ट्रैफिक थाना एवं सीसीटीवी कैमरा नेटवर्क: गढ़वा जिले में ट्रैफिक थाना खोलने की योजना बनाई गई, साथ ही शहर के मुख्य स्थानों पर CCTV कैमरा लगाने की भी बात की गई।
- कड़ी कार्रवाई पर जोर: बिना हेलमेट, ओवरस्पीडिंग, ब्लैक फिल्म और स्टंट करने वालों पर सख्त कार्रवाई करते हुये उनके लाइसेंस निलंबन के आदेश दिये गये।










