Kohramlive : बांग्लादेश में आरक्षण के खिलाफ प्रदर्शनकारी छात्रों और सत्ताधारी आवामी लीग के समर्थकों के बीच हुई हिंसक झड़प में 32 लोगों की जान चली गई। बांग्लादेश के अलग-अलग हिस्सों में हजारों लोग सड़क पर उतर आये। वहीं, प्रधानमंत्री शेख हसीना का इस्तीफा मांग रहे हैं। बिगड़ते हालात को देखते हुये पूरे बांग्लादेश में कर्फ्यू लगाने का ऐलान किया गया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, फेनी में हिंसा के दौरान पांच लोगों की मौत हुई है। वहीं, मुंशीगंज में तीन, सिराजगंज में चार, बोगुरा में तीन, भोला में तीन, मगुरा में तीन, रंगपुर में तीन, पाबना में दो, सिलहट में दो, कोमिल्ला एक, जयपुरहाट में एक ढाका में एक और बारीसाल में एक व्यक्ति की मौत हुई है। इस बीच, बांग्लादेश के गृह मंत्रालय ने रविवार शाम छह बजे से पूरे देश में कर्फ्यू लगाने की घोषणा की है। कर्फ्यू के दौरान फेसबुक, वॉट्सएप, इंस्टाग्राम, मोबाइल इंटरनेट को बंद किया जायेगा। यहां याद दिला दें कि बांग्लादेश में आरक्षण के खिलाफ प्रदर्शन हो रहा है, इसमें अबतक 200 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। प्रदर्शनकारी छात्र विवादित आरक्षण प्रणाली को समाप्त करने की मांग कर रहे हैं। वहीं, बांग्लादेश के लिए वर्ष 1971 में आजादी की लड़ाई लड़ने वाले स्वतंत्रता संग्रामियों के परिवारों के लिए 30 प्रतिशत सरकारी नौकरियां आरक्षित की गईं हैं।
इसे भी पढ़ें : पानी-पानी राजधानी, शहर में उतरना पड़ा NDRF को… जानें
इसे भी पढ़ें : CM का बड़ा आदेश : विदेश से लौटे मजदूरों को दें काम
इसे भी पढ़ें : जमीन माफिया कमलेश ED के पंजे में…
इसे भी पढ़ें : महिलाओं को मिलेगा हर महीने 1 हजार रुपये… जानें किन्हें
इसे भी पढ़ें : स्कूली बच्चों को पी’टने का केस गरमाया, क्या बोले अजय राय… देखें वीडियो








