Garhwa(Nityanand Dubey) : गढ़वा में “कॉफी विद SDM” कार्यक्रम में इस हफ्ते का संवाद गढ़वा बस स्टैंड की समस्याओं और सुधार पर केंद्रित रहा। SDO संजय कुमार ने बस मालिकों और एजेंटों के साथ सीधे संवाद किया और उनकी हर बात को गंभीरता से सुना। बस संचालकों ने बताया कि नवनिर्मित बस स्टैंड में शौचालय, पानी और बैठने का इंतेजाम नहीं है। महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को खड़ा रहना पड़ता है। SDO ने नगर परिषद कार्यपालक पदाधिकारी को निर्देश दिये कि जल्द-से-जल्द सभी मूलभूत सुविधाएं बहाल की जायें। यूपी और छत्तीसगढ़ से आने वाली बिना अनुमति वाली बसों के संचालन पर रोक लगाने की मांग की गई। स्थानीय संचालकों ने कहा कि टाइम टेबल के उल्लंघन से झगड़े और विधि-व्यवस्था की समस्या आती है। SDO ने भरोसा दिया कि ठोस कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने कहा, बस स्टैंड किसी शहर का चेहरा होता है, इसे सभी मिलजुल कर संवारें।
अपराधी एजेंटों और वसूली गैंग पर होगी नकेल
कुछ एजेंटों की अपराधिक सांठगांठ और जबरन बस घुसवाने की घटनाएं सामने आईं। SDO ने ऐसे लोगों को चिन्हित कर कार्रवाई का आश्वासन दिया। बस मालिकों ने बताया कि बिना कागजात के चलने वाले टेंपो और कमांडर बसों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। SDO ने पुलिस और परिवहन विभाग को समन्वय कर कार्रवाई के निर्देश दिये। कुछ ग्राम गाड़ी संचालकों ने शिकायत की कि उन्हें बस स्टैंड में घुसने नहीं दिया जाता। SDO ने स्पष्ट निर्देश दिया कि इन योजनागत बसों को रोका नहीं जायेगा और वे निर्धारित रूट पर ही चलें।
शहर के चौक-चौराहों पर बसें खड़ी न करें
SDO संजय कुमार ने अंबेडकर चौक और रंका मोड़ को नो-स्टॉपेज जोन बताते हुये कहा कि यहां बसें खड़ी करके जाम लगाया जाता है, जो अब बर्दाश्त नहीं होगा। संचालकों ने कांडी में बस पड़ाव की जरूरत बताई। इसके साथ ही ऑटो-टैक्सी के लिये निर्धारित रूट बनाने की मांग भी की गई, ताकि आपसी टकराव और यात्रियों की परेशानी कम हो। संचालक मंसूर खान, सुमन द्विवेदी, संतोष सिंह समेत कई बस संचालकों ने कहा कि पहली बार इतनी आत्मीयता से प्रशासन ने बात सुनी है, उम्मीद है अब बदलाव जरूर आयेगा। मौके पर संतोष बस सर्विस, जेपीएस, रिलायंस, विशाल, रजनीगंधा, ग्राम गाड़ी योजना समेत दो दर्जन से अधिक बस एजेंसी संचालक व एजेंट मौजूद थे। नगरीय निकाय और प्रशासन की ओर से SDO संजय कुमार व नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी मौजूद रहे।










