UP : रक्षाबंधन की रात बरेली में खूनी वारदात से सनसनी फैल गई। सुभाषनगर थाना क्षेत्र के बंसीनगला में पुरानी रंजिश के चलते भाजपा मणिनाथ मंडल के OBC मोर्चा उपाध्यक्ष सचिन कश्यप की चाकू से हमला कर हत्या कर दी गई। बीती रात करीब 12 बजे घर के पास बगिया में हमलावरों ने सचिन को घेर लिया और गले समेत शरीर पर कई वार किये। खून से लथपथ सचिन जमीन पर गिर पड़े। परिजन उन्हें निजी अस्पताल ले गये, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सचिन की पत्नी गुड़िया देवी ने पड़ोसी बाबू उर्फ रोहित, अमित उर्फ भज्जी, बाबू की मां और आशीष मौर्य के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पत्नी का आरोप है कि बाबू बच्चों के साथ गलत हरकत करता था। सचिन ने इसका विरोध किया था। इसी बात को लेकर आरोपी उससे रंजिश रखने लगे थे। आरोप है कि इसी रंजिश में सचिन की हत्या की गई। सुभाषनगर थाना प्रभारी सतीश कुमार नैन ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है। गिरफ्तारी के बाद हत्या की वजह पूरी तरह साफ होगी।
दो महीने पहले भी हुआ था विवाद
परिजनों के मुताबिक करीब दो महीने पहले सचिन का पड़ोसी बाबू से विवाद हुआ था। बाबू की आपराधिक छवि बताई जा रही है। विवाद के बाद दोनों पक्षों में समझौता हो गया था। इसके बावजूद रंजिश खत्म नहीं हुई। परिजनों का आरोप है कि इसी रंजिश में सचिन को निशाना बनाया गया। सचिन लंबे समय से भाजपा से जुड़े थे। वह क्षेत्र के लोगों की छोटी-बड़ी समस्याओं के समाधान में मदद करते थे। कुछ साल पहले तक वह प्रिंटिंग प्रेस में काम करते थे। परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य है। सचिन के पिता और दो भाई रोडवेज स्टैंड पर पानी बेचते हैं।करीब दस साल पहले सचिन की शादी हुई थी। उनके परिवार में पत्नी के अलावा दो बेटियां और एक बेटा है।
रक्षाबंधन की खुशियां चीख-पुकार में बदलीं
सचिन की हत्या की खबर घर पहुंचते ही रक्षाबंधन की खुशियां मातम में बदल गईं। घर में मेहमान आये हुये थे। अचानक बेटे की हत्या की खबर से परिवार में कोहराम मच गया। सचिन की मां का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने बताया कि आठ भाई-बहनों में सचिन सबसे बड़े थे। परिवार के लिए वह बड़ा सहारा थे। त्योहार के दिन हुई हत्या ने पूरे परिवार को झकझोर दिया। वारदात के बाद इलाके में भी तनाव और शोक का माहौल है।







