Garhwa (NityaNand Dubey) : जिले के कांडी थाना क्षेत्र के गोसांग गांव में हुई गड़ेरिया हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। एसडीपीओ अवध कुमार यादव ने मंगलवार को सदर थाना में प्रेस कांफ्रेंस कर बताया कि इस मामले में 2 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों में उत्तर प्रदेश के चित्रकूट जिला अंतर्गत बरगढ़ थाना गांव निवासी यासत खान और वासत खान शामिल है। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने घटना में इस्तेमाल किये गये खून लगे दो बांस, पल्सर बाइक, मोबाइल फोन औक छुरा बरामद किया है। पुलिस को दिये अपने बयान में गिरफ्तार आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। वहीं बताया कि भेड़ों को लूट कर ले जाने के चक्कर में गड़ेरिया का मर्डर कर दिया।
यहां याद दिला दें कि 22 मार्च को कांडी थाना क्षेत्र के गोसाग गांव में भेड़ चरा रहे मझिआंव थाना क्षेत्र के करकट्टा गांव निवासी सरजू पाल और उसके भाई प्रभु पाल को लुटेरों ने पीट कर घायल कर दिया था। उस दौरान सरजू पाल की मौत हो गई थी। जबकि उसका भाई प्रभु पाल गंभीर रूप से घायल हो गया था। वहीं भेड़ों को पीट कर मार डाला था। साथ ही सैकड़ों भेड़ को पिकअप पर लादकर लुटेरों ले गए थे। उक्त घटना में प्राथमिकी के बाद एसपी के निर्देश पर एक टीम गठित की गई। मामले की छानबीन शुरू की गई। जांच के क्रम में डंडा थाना और कांडी थाना क्षेत्र के लमारीकला ईट भट्ठा पर छापेमारी की गई। उस दौरान डंडा ईट भट्ठे से वासत खान और यासत खान को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पुलिस की सख्ती से की गई पूछताछ में दोनों से सारा राज उगल दिया।
यासत खान ने पुलिस को बताआ कि करीब 8 की संख्या में उक्त लोग अपने परिवार के साथ लमारी एवं डंडा ईट भट्ठे पर काम करते हैं। इसी दौरान एक रणनीति बनाई गई। और उसमें यूपी के कारोबारी शामिल होकर 22 मार्च को लमारीकला भरत पहाड़ी होते हुए गोषाग गांव पहुंचे जहां से पिकअप पर भेड़ को लादने लगे उसी दौरान चरवाहा सरजू पाल एवं प्रभु पाल उसका विरोध करने लगे। लुटेरों ने उक्त दोनों भाइयों की विरोध को देखते हुए लाठी से पीट-पीटकर संजू पाल की हत्या कर दी। वहीं, उसके भाई प्रभु पर भी ताबड़तोड़ वार किया। वह बेहोश हो गया। उसे भी मरा समझकर करीब डेढ़ सौ भेड़ों को पिकअप पर लादकर यूपी ले जाने लगे। उस दौरान कुछ भेड़ को पीटकर मरा हुआ समझकर वहीं फेंक दिया। वहीं कुछ भेड़ों को भगवान घाटी में फेंक कर फरार हो गए। कई भेड़ों को उत्तर प्रदेश के महोबा मंडी में बेच दिया। एसडीपीओ ने बताया कि उक्त लोग गिरोह बनाकर इस तरह की भेड़ लूट की घटना को अंजाम देते हैं।
मामले में फिलहाल 2 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जल्द ही घटना में शामिल बाकी लोगों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। आरोपियों को धर दबोचने में मझिआंव इंस्पेक्टर संजय खा, थानेदार कमलेश कुमार महतो, कांडी थानेदार फैज रवानी, सब इंस्पेक्टर विकास कुमार, स्वामी रंजन ओझा, पंकज सिंदुरिया, रंजन कुमार सिंह, शशिकांत कुमार सिंह, अविनाश कुमार तिवारी की सराहनीय भुमिका रही।
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