Hazaribagh,Chouparan(Krishna Paswan) : हजारीबाग के चौपारण प्रखंड में 6 झारखंड आंदोलनकारियों को बड़ा सम्मान दिया गया। आंदोलनकारियों को प्रशस्ति पत्र और शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित समारोह में प्रमुख पूर्णिमा देवी, उप प्रमुख प्रीति गुप्ता, BDO सीमा कुमारी और CO संजय यादव ने झारखंड आंदोलनकारियों को सम्मानित किया। BDO सीमा कुमारी ने कहा कि हमें इन आंदोलनकारियों पर नाज है। इनके संघर्ष का नतीजा है कि झारखंड अलग राज्य बना। कामरेड नंदकिशोर सिंह (पपरो), रामफल सिंह (चपरीकला), कुमुद कुमार सिन्हा की जगह उनकी पत्नी (लोहंडी), कामेश्वर प्रजापति (बुढ़िया डाबर), शनिचर भुइयां (इंगुनिया) निजामुद्दीन अंसारी की जगह उनके बेटा (अमरौल) को सम्मानित किया गया।
गरीब गुरबों के हक और अधिकार की लड़ाई लड़ने वाले कामरेड नंदकिशोर सिंह 1977 में CPI में शामिल हो गये। साल 1980 से लगातार अंचल में सचिव पद पर रहकर आम आदमी के लिए अपनी आवाज बुलंद करते रहे। सामंतवादी ताकतों से लगातार लड़ते रहे। अलग झारखंड राज्य के आंदोलन में 8 बार जेल गये। कामरेड नंदकिशोर सिंह ने बताया कि चतरा जेल में 21 दिन और बाकी 6 बार हजारीबाग और 1 बार कोडरमा जेल में 4 दिन उन्हें रखा गया। उनके राज में अंचल कार्यालय में भ्रष्टाचार नहीं था। आज की तारीख में भ्रष्टाचार की गंगोत्री बह रही है। गरीबों को सुनने वाला कोई नहीं है, राजनीति में अभी जात-पात का बोलबाला है, जातीयता चरम सीमा पर है, राजनीतिक सामाजिक विद्वेष बढ़ गया है, पहले ये सब नहीं था। सम्मान समारोह में प्रमुख पूर्णिमा देवी, उपप्रमुख प्रीति गुप्ता, बीडीओ सीमा कुमारी, सीओ संजय यादव, शिक्षाविद शंभू नारायण सिंह, राजेश सहाय, शौकत खान एवं कई राजनीतिक और सामाजिक लोग मौजूद थे।
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