Chouparan(Krishna Paswan) : हजारीबाग के चौपारण में शराब दुकानों के संचालन को लेकर झारखंड सरकार के उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग ने नए वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए आदेश जारी किया है। DC ऑफिस द्वारा जारी अधिसूचना के तहत चौपारण में छह स्थानों – चौपारण, सिंघरांवा, पांडेयबारा, ताजपुर, बसरिया और रामपुर – में कंपोजिट शराब दुकानें संचालित होंगी, जिनकी जिम्मेदारी झारखंड राज्य बीवरेजेस कॉर्पोरेशन लिमिटेड को सौंपी गई है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दुकानों में किसी प्रकार की अवैध शराब या बिना शुल्क चुकाई गई शराब का भंडारण और विक्रय पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इसके साथ ही अनुज्ञप्ति शुल्क, सुरक्षा व्यवस्था और कैश कलेक्शन एजेंसी की नियुक्ति को भी अनिवार्य किया गया है। आदेश में कहा गया है कि यदि दुकानों में कोई गड़बड़ी या अवैध गतिविधि पाई जाती है, तो लाइसेंस रद्द कर दिया जायेगा।
इस सिलसिले में सोमवार देर रात SDO जोहान टुडू और CO संजय यादव ने औचक निरीक्षण किया और ताजपुर व चौपारण की शराब दुकानों में कई अनियमितताएं पाईं। स्टॉक से लेकर आसपास के इलाकों की दुकानों का जायजा लिया गया और कड़ी चेतावनी दी गई। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, चौपारण की शराब दुकानों से हर दिन लाखों की शराब होलसेल में बेची जाती है, जिसे बिहार में तस्करी के लिए भेजा जाता है। ये काम रात के अंधेरे और अहले सुबह किया जाता है। इसके अलावा सरकारी दर से अधिक मूल्य पर शराब की बिक्री आम बात है, लेकिन दुकानों पर कोई सूचना बोर्ड नहीं होने से आम जनता शिकायत नहीं कर पाती। उत्पाद विभाग भी इस पर चुप्पी साधे रहता है। प्रशासन की ओर से यह आदेश 1 जुलाई 2025 से 31 मार्च 2026 तक प्रभावी रहेगा।












