Bihar : राजधानी पटना में सोमवार को उस वक्त हलचल बढ़ गई, जब निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में एक साथ कई ठिकानों पर तलाशी शुरू कर दी। यह कार्रवाई ADM (आपूर्ति) रविंद्र कुमार दिवाकर और उनकी पत्नी दानापुर की जिला सब-रजिस्ट्रार कुमारी स्वीटी से जुड़े ठिकानों पर की गई। निगरानी टीम ने पटना और बेगूसराय स्थित आवासों पर तलाशी अभियान चलाया। सुबह शुरू हुई कार्रवाई के बाद आसपास के इलाकों में भी चर्चा तेज हो गई। टीम ने घर में मौजूद दस्तावेजों, संपत्ति के कागजात और निवेश से जुड़ी जानकारियों को खंगाला। तलाशी के दौरान नकदी और आभूषण मिलने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा विभिन्न निवेशों और संपत्तियों से जुड़े कागजात भी टीम के हाथ लगे हैं। हालांकि बरामद नकदी और आभूषण की अंतिम मात्रा और कीमत का आधिकारिक आकलन जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा। विजिलेंस अधिकारी बरामद दस्तावेजों और सामान की जांच में जुटे हैं। टीम ने बेगूसराय स्थित आवास पर भी तलाशी ली। इस दौरान संपत्ति, बैंक खातों, निवेश और अन्य वित्तीय लेनदेन से जुड़े दस्तावेजों की जांच की गई। अब बरामद दस्तावेजों का मिलान संबंधित अधिकारियों की घोषित आय और संपत्तियों से किया जायेगा। जांच एजेंसी यह भी देखेगी कि सामने आई संपत्तियों और निवेश का स्रोत क्या है।
कागजों से खुलेगा संपत्ति का पूरा हिसाब
तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों और अन्य सामग्री को जांच के लिहाज से अहम माना जा रहा है। अब इन्हीं कागजातों के आधार पर संपत्ति और आय का हिसाब-किताब खंगाला जायेगा।फिलहाल विजिलेंस की कार्रवाई जारी है और बरामदगी का पूरा ब्योरा आधिकारिक जांच के बाद सामने आने की उम्मीद है। जांच पूरी होने के बाद ही साफ होगा कि कितनी संपत्ति मिली, उसका घोषित आय से कितना अंतर है और बरामद निवेश व संपत्तियों का वास्तविक स्रोत क्या है। फिलहाल निगरानी टीम दस्तावेजों और बरामद सामग्री को खंगालकर पूरे मामले की तस्वीर साफ करने में जुटी है।





