Garhwa(Nityanand Dubey) : गढ़वा के मेराल प्रखंड के रखिया ढेरी गांव में अरहर के हरे-भरे खेतों के बीच अवैध शराब का काला कारोबार चुपचाप फल-फूल रहा था। लेकिन आज सदर SDO संजय कुमार की अगुवाई में चली सघन छापेमारी ने इस गोरखधंधे की पोल खोल दी। कार्रवाई होते ही इलाके के शराब माफियाओं में तहलका मच गया। प्रशासन को चकमा देने के लिये माफियाओं ने अरहर के खेतों को ही ढाल बना लिया था। दुर्गम और जंगली इलाके में करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने अलग-अलग खेतों में छिपाकर रखे गये 20 से अधिक ड्रमों में भरा महुआ जावा बरामद किया। मौके पर ही सभी ड्रमों को नष्ट कर दिया गया। छापेमारी के दौरान जलती हुई अवैध भट्ठियों को बुझाया गया और शराब बनाने के उपकरणों को तोड़ दिया गया। इस कार्रवाई में करीब 18 लीटर तैयार महुआ शराब और भारी मात्रा में अर्धनिर्मित शराब बरामद हुई, जिसे मौके पर ही बहाकर नष्ट कर दिया गया।
स्थानीय छानबीन में सामने आया कि यह अवैध कारोबार संतू विश्वकर्मा नामक व्यक्ति द्वारा संचालित किया जा रहा था। SDO संजय कुमार ने उत्पाद अधीक्षक और संबंधित थानेदार को आरोपी के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं। SDO संजय कुमार ने कहा कि अवैध शराब न सिर्फ कानून का उल्लंघन है, बल्कि स्वास्थ्य के लिये जानलेवा भी है। कई बार इसमें एथनॉल की जगह मेथनॉल बन जाता है, जिससे अंधापन या मौत तक हो सकती है। ग्रामीण इलाकों में यह अभियान लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई में रविंद्र पासवान, कंचन प्रसाद, अनिल कुमार, प्रिंस कुमार और जैनुल अंसारी की सराहनीय भूमिका रही। प्रशासन ने दो टूक कहा है कि क्षेत्र में किसी भी तरह के अवैध नशीले पदार्थों के कारोबार को पनपने नहीं दिया जायेगा।










