UP : यूपी के बुलंदशहर के बीबीनगर थाना क्षेत्र के परतापुर गांव में गुजरी रात खामोशी ने एक ऐसा राज अपने भीतर छुपा लिया था, जिसे किसी ने सोचा भी न था। 40 साल के मेहनतकश मजदूर ओमपाल सिंह, जो रोज पसीना बहाकर अपने परिवार का पेट पालता था, उसकी मौत को पहले कुदरत का खेल समझकर अंतिम संस्कार कर दिया गया। मगर, सच किसी राख में दबे अंगारे की तरह था, जिसे एक 12 साल की मासूम ने उजागर कर दिया। ओमपाल की पत्नी प्रीति और उसका सगा भतीजा अभय के नाजायज रिश्ते के चलते घर की चौखट ही कब्र बन गई। पूछताछ में दोनों ने कबूल किया कि “हमारे बीच दो साल से मोहब्बत थी, लेकिन ओमपाल दीवार बनकर खड़ा था।” इसीलिये रात की नीरवता में उन्होंने चुन्नी को हथियार बनाया और अपने ही खून के रिश्ते का गला घोंट डाला।
मासूम ने खोला सच का दरवाजा
करन सिंह की 12 वर्षीय बेटी, जो उस रात अपने चाचा के घर सोई थी, अचानक रात में उसकी नींद टूटी। उसने देखा प्रीति अपने पति के हाथ दबाये थी। अभय ने चुन्नी कस दी थी। दोनों को लगा बच्ची सो रही है, लेकिन उसकी आंखों ने उस खौफनाक मंजर को कैद कर लिया। दो दिन तक वह खामोश रही, गुमसुम रही। फिर बुधवार को टूटकर उसने परिजनों से कहा, “चाचा की हत्या हुई है।” और इसके साथ ही राज का परदा फट गया। गांव अब सन्नाटे में है, मगर हर ज़ुबान पर मासूम भतीजी की बहादुरी की चर्चा है। लोग कहते हैं कि “अगर यह बच्ची सच न बताती, तो ओमपाल की मौत हमेशा रहस्य बनी रहती।” वहीं दूसरी ओर प्रीति और अभय की इस घिनौनी साजिश पर लोग गुस्से से फूट रहे हैं। पुलिस ने गिरफ्तार संदेही गुनहगारों की निशानदेही पर चुन्नी बरामद कर ली है। दोनों को जेल भेज दिया गया। CO स्याना प्रखर पांडेय के मुताबिक, “प्रेम संबंध ही हत्या की वजह बना। बच्ची की गवाही ने मामले का सच सामने ला दिया।”






