Kohramlive : करवा चौथ सिर्फ एक व्रत नहीं, बल्कि प्रेम, समर्पण और आस्था का उत्सव है। हर वर्ष कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाने वाला यह पर्व इस बार आज यानी 10 अक्टूबर 2025 को है। इस दिन सुहागिन महिलायें अपने पति की लंबी उम्र और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना करते हुये दिनभर निर्जल व्रत रखती हैं और चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद व्रत का समापन करती हैं।
पूजन मुहूर्त और चंद्र दर्शन
करवा चौथ पूजन मुहूर्त: शाम 05:57 बजे से रात 07:11 बजे तक
कुल अवधि: 1 घंटा 14 मिनट
चंद्रमा की पूजा: चंद्रमा को आयु, मानसिक शांति और संतुलन का प्रतीक माना गया है। मान्यता है कि चंद्र दर्शन के बाद पति द्वारा करवे से जल पिलाने पर व्रत पूर्ण होता है।
करवा का महत्व
“करवा” मिट्टी से बना विशेष बर्तन होता है, जो इस पूजा का केंद्र होता है। पूजा में दो करवे बनाये जाते हैं, जिन पर स्वस्तिक चिन्ह और रक्षा सूत्र बांधा जाता है। व्रत के दौरान महिलाएं भगवान शिव, माता पार्वती और श्री गणेश की पूजा करती हैं।
विशेष मुहूर्त (10 अक्टूबर 2025)
| मुहूर्त | समय |
| अभिजीत मुहूर्त | सुबह 11:45 – 12:31 बजे |
| विजय मुहूर्त | दोपहर 02:04 – 02:51 बजे |
| अमृत काल | दोपहर 03:22 – 04:48 बजे |
| गोधूलि मुहूर्त | शाम 04:52 – 05:17 बजे |
| सायाह्न संध्या | शाम 04:52 – 06:06 बजे |
| निशिता मुहूर्त | रात 11:43 – 12:33 बजे |












