Ranchi : दावोस की बर्फीली वादियों में झारखंड के पसीने की खुशबू पहुंचाने की बड़ी पहल हुई है। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के दौरान CM हेमंत सोरेन से दुनिया की नामचीन रिटेल कंपनी लूलू ग्रुप के फाउंडर और मैनेजिंग डायरेक्टर यूसुफ अली ने मुलाकात की। यह मुलाकात झारखंड के किसानों, वनवासी समुदाय और स्वयं सहायता समूह (SHG) की महिलाओं के लिये एक नई उम्मीद लेकर आई। CM हेमंत सोरेन से संवाद के दौरान यूसुफ अली ने झारखंड के
कृषि आधारित उत्पाद, वनोत्पाद एवं स्थानीय हस्तनिर्मित वस्तुओं को आउटसोर्स करने का प्रस्ताव रखा। इसके पीछे का मकसद साफ है कि झारखण्ड में पैदा होने वाला उत्पाद सीधे देश और दुनिया के बाजारों तक पहुंचे और उसका सीधा फायदा यहां के किसानों, एसएचजी की महिलाओं एवं वनोत्पाद से जुड़े परिवारों को मिले। लूलू ग्रुप ने उन सभी उत्पादों में खास दिलचस्पी दिखाई है, जो उनकी ग्लोबल वैल्यू चेन में फिट बैठते हैं। वहीं, ग्रुप ने झारखंड में कैपेसिटी बिल्डिंग, गुणवत्ता सुधार, सप्लाई चेन मजबूत करने के क्षेत्र में भी काम करने की इच्छा जताई है। इस मुलाकात को आगे बढ़ाने के लिये लूलू ग्रुप का उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल जल्द झारखंड दौरे पर आयेगा। यह टीम यहां के उत्पादों का अध्ययन करेगी और संभावनाओं को परखेगी। राज्य सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है झारखंड को लूलू ग्रुप का प्राइमरी सप्लायर बनाना। यहां याद दिला दें कि लूलू ग्रुप के भारत के 21 राज्यों और दुनिया के कई देशों में रिटेल आउटलेट संचालित हैं।
इसे भी पढ़ें : एक बाल्टी पानी को लेकर मा’रधाड़…
इसे भी पढ़ें : बाघमारा CHC में नवजात की मौ’त पर बवाल…
इसे भी पढ़ें : TSPC के सब-जोनल कमांडर की कहानी पर लगा ब्रेक…
इसे भी पढ़ें : किसानों की योजना में सेंध, 2.45 लाख ‘डबल एंट्री’ का खुलासा…
इसे भी पढ़ें : भाजपा मुख्यालय पहुंचे PM मोदी, क्या-क्या कहा… देखें वीडियो






