Ranchi : धनबाद के बरवाअड्डा के थानेदार रवि कुमार से कथित दुर्व्यवहार के मामले में डुमरी विधायक जयराम कुमार महतो की गिरफ्तारी नहीं होने पर झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने मंगलवार को आंदोलन का ऐलान कर दिया। पुलिस एसोसिएशन के इस आंदोलन को झारखंड पुलिस मेंस एसोसिएशन और डीएसपी संवर्ग के झारखंड पुलिस सर्विस एसोसिएशन ने भी नैतिक एवं सैद्धांतिक समर्थन दिया है। ऐसे में आंदोलन को सिपाही और हवलदार से लेकर डीएसपी संवर्ग तक के पुलिसकर्मियों का समर्थन मिलने की बात कही जा रही है। झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री के नाम पत्र भेजकर अपनी नौ सूत्री मांगों और आंदोलन की पूरी रूपरेखा से अवगत कराया है। आंदोलन चार चरणों में प्रस्तावित है। 8 से 11 सितंबर: कनीय पुलिस पदाधिकारी चार दिनों तक काला बिल्ला लगाकर ड्यूटी करेंगे। 19 सितंबर: सभी पुलिस केंद्र, थाना और ओपी में चूल्हा-चौकी एवं मेस बंद रखकर एक दिवसीय सामूहिक उपवास किया जायेगा। 24 सितंबर: जिला शाखा और इकाइयां अपने-अपने एसपी एवं कमांडेंट कार्यालय के सामने एक दिवसीय धरना देंगी। महासंघ के पदाधिकारी डीजीपी कार्यालय के सामने धरना देकर ज्ञापन सौंपेंगे। 5 से 10 अक्टूबर: आंदोलन के चौथे चरण में पुलिसकर्मियों के छह दिनों तक सामूहिक अवकाश पर जाने का कार्यक्रम है। एसोसिएशन ने कहा है कि आंदोलन के दौरान आम लोगों को होने वाली किसी भी असुविधा की जिम्मेदारी सरकार और संबंधित प्राधिकार की होगी।
नौ सूत्री मांगों में गिरफ्तारी से लेकर भत्ते तक
पुलिस एसोसिएशन ने सिर्फ विधायक की गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि पुलिसकर्मियों से जुड़ी कई पुरानी मांगों को भी आंदोलन का हिस्सा बनाया है। प्रमुख मांगें हैं, विधायक जयराम कुमार महतो की जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित करना। पुलिसकर्मियों के वर्दी भत्ते में बढ़ोतरी। राशन भत्ते में वृद्धि। सातवें वेतनमान के अनुरूप विभिन्न भत्तों का पुनरीक्षण। केंद्रीय पुलिस की तर्ज पर दो बच्चों की शिक्षा के लिये शिक्षण भत्ता। भारतीय पुलिस सेवा के अनुरूप स्वास्थ्य भत्ता। लंबे समय से एक ही जिले या इकाई में पदस्थापित पुलिस पदाधिकारियों का स्थानांतरण। पुलिस पदाधिकारियों और कर्मियों को निर्धारित समय पर पदोन्नति देना। पुलिस के साथ अमर्यादित व्यवहार और विधि-व्यवस्था में अनुचित हस्तक्षेप करने वाले जनप्रतिनिधियों के खिलाफ कार्रवाई का प्रावधान।
क्या है बरवाअड्डा का पूरा मामला?
एसोसिएशन के मुताबिक 21 अगस्त को विधायक जयराम महतो और उनके समर्थकों पर बरवाअड्डा के थानेदार रवि कुमार के साथ फोन पर कथित गाली-गलौज करने, थाना पहुंचकर हाजत में बंद आरोपित को छुड़ाने का प्रयास करने और थानेदार के कक्ष में कथित दुर्व्यवहार करने का आरोप है। इस मामले में 22 अगस्त को बरवाअड्डा थाना में केस (कांड संख्या 146/2026) दर्ज किया गया है। इसके बाद पुलिस एसोसिएशन ने 26 अगस्त को धनबाद SSP से पांच दिनों के भीतर विधायक की गिरफ्तारी की मांग की थी। वहीं 29 अगस्त को पत्र भेजकर 24 घंटे के भीतर कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी गई। एसोसिएशन का कहना है कि मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने के कारण आंदोलन की घोषणा करनी पड़ी।
पुलिसकर्मियों के सम्मान और कार्यप्रणाली का भी मुद्दा
एसोसिएशन का कहना है कि इस घटना के बाद राज्य में कार्यरत पुलिस पदाधिकारियों और कर्मियों के मनोबल तथा कार्यप्रणाली पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि हाल के दिनों में पुलिसकर्मियों और पदाधिकारियों को केंद्रित कर इंटरनेट मीडिया पर अमर्यादित एवं अशोभनीय टिप्पणियां की जा रही हैं। ऐसे मामलों पर रोक और पुलिस के सम्मान की रक्षा को भी संगठन ने अपनी मांगों में शामिल किया है।







