Kohramlive : PM मोदी ने ‘एकता का महाकुंभ-युग परिर्वतन की आहट’ शीर्षक से एक दिल छू लेने वाला एक खुबसुरत ब्लॉग लिखा। PM मोदी ने मां गंगा, यमुना और सरस्वती से प्रार्थना करते हुये कहा “यदि हमारी आराधना में कोई कमी रह गई हो, तो क्षमा करें… यदि श्रद्धालुओं की सेवा में कोई भूल हुई हो, तो मैं जनता जनार्दन से क्षमा चाहता हूं।” प्रयागराज में 66 करोड़ 30 लाख श्रद्धालुओं ने गंगा और संगम में आस्था की डुबकी लगाई। यह संख्या कई देशों की कुल आबादी से अधिक है। महाशिवरात्रि के पावन स्नान के साथ यह महायात्रा संपन्न हुई। भारत की संस्कृति और एकता की यह धारा इतिहास रच गयी। प्रयागराज में गुजरे 45 दिनों तक दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक एवं आध्यात्मिक समागम-महाकुंभ का अंतिम स्नान महाशिवरात्रि पर्व के साथ संपन्न हुआ। वहीं 13 जनवरी से प्रारंभ हुआ यह मेला यादगार बन गया।
महाकुंभ संपन्न हुआ…एकता का महायज्ञ संपन्न हुआ। प्रयागराज में एकता के महाकुंभ में पूरे 45 दिनों तक जिस प्रकार 140 करोड़ देशवासियों की आस्था एक साथ, एक समय में इस एक पर्व से आकर जुड़ी, वो अभिभूत करता है! महाकुंभ के पूर्ण होने पर जो विचार मन में आए, उन्हें मैंने कलमबद्ध करने का… pic.twitter.com/TgzdUuzuGI
— Narendra Modi (@narendramodi) February 27, 2025



