Kohram live desk : गर्मियों के दिनों में बच्चों के शरीर पर अक्सर फुंसियां हो जाती हैं । इन फुंसियों की वजह से बच्चे को दर्द, जलन, बुखार और सूजन आने जैसी दिक्कत हो सकती है. कई बार लोग इनको ठीक करने के लिए घरेलू इलाज का सहारा लेते हैं। इसकी कई वजह हो सकती हैं जैसे मौसम बदलना, एनीमिया, इम्यूनिटी कमजोर होना, आयरन की कमी और स्किन पर कैमिकल बेस्ड प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करना, लेकिन अगर ये फुंसिया लम्बे समय तक बच्चे के शरीर पर बनी रहती हैं. तो इसको नज़रअंदाज नहीं करना चाहिए क्योंकि ये एक्ज़िमा (Eczema) भी हो सकता है.
एक्ज़िमा होने की वजह
बच्चों में एक्ज़िमा होने की कई वजह हो सकती हैं. बच्चे की स्किन पर कैमिकल बेस्ड क्रीम-पाउडर, लोशन जैसे प्रोडक्ट का इस्तेमाल होना. किसी साबुन के इस्तेमाल से रिएक्शन होना. वायरल और बैक्टीरियल इंफेक्शन होना. धूल-मिट्टी और गंदगी के संपर्क में आने की वजह से या सिंथेटिक कपड़े पहनने की वजह से भी ये दिक्कत हो सकती है. कई बार घर में किसी को एक्ज़िमा की दिक्कत पहले से होने की वजह से भी ये परेशानी हो सकती है.
इस तरह से पहचाने एक्ज़िमा को
बच्चे के गाल, कोहनी, घुटने और घुटने के पीछे के हिस्से पर लाल चकत्ते दिख रहे हों. एड़ियों, गर्दन और कलाई में बार-बार रैशेज़ हो रहे हों. फुंसी में पस और खून आ रहा हो. फुंसी और रैशेज़ वाली जगह पर सूजन दिख रही हो और ये शरीर के अन्य हिस्सों में भी फैल रहा हो. तो आपको इस बात को नज़रअंदाज़ किये बिना डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए.
इस तरह बरतें सावधानी
वैसे तो आपको शिशु को डॉक्टर को दिखाने के बाद उनकी सलाह पर ही अमल करना चाहिए. लेकिन किसी वजह से अगर आप बच्चे को डॉक्टर के पास नहीं ले जा पा रहे हैं. तब तक आप जो सावधानी बरत सकते हैं उनमें बच्चे को बिना साबुन के नहलाएं. शरीर पर शैम्पू और तेल जैसी चीज न लगाएं. कॉटन टॉवल से हल्के हाथों से शरीर को सुखाएं. शरीर पर कोई लोशन, क्रीम और पाउडर जैसी चीज़ भी न लगाएं. बच्चे को कॉटन के ढीले कपड़े पहनाएं. बच्चे के नाखूनों को काटते रहें. उसके खिलौनों को धोते और साफ़ करते रहें. बिस्तर मुलायम और सूखा रखें.
(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य जानकारी पर आधारित है.Kohramlive.com इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)
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