kohramlive desk : देश की राजधानी दिल्ली के अस्पतालों में ऑक्सीजन की किल्लत को लेकर शनिवार को हाई कोर्ट ने बेहद सख्त रुख का इजहार किया। इस मामले में सुनवाई के दौरान कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि अगर किसी भी सरकारी अधिकारी या कर्मचारी ने ऑक्सीजन सप्लाई रोकने की कोशिश की, तो उसे फांसी पर लटका दिया जाएगा।
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चार अस्पतालों ने लगाई थी याचिका
ऑक्सीजन की कमी को लेकर चार अस्पतालों ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका लगाई थी। इस दौरान ऑक्सीजन सप्लाई रोकने का मामला भी उठा। इस पर ही कोर्ट ने उक्त टिप्पणी की। हाई कोर्ट ने ये भी कहा कि ऐसे अधिकारियों के खिलाफ तुरंत एक्शन लिया जाएगा।
हम किसी को नहीं बख्शेंगे
जस्टिस विपिन सांघी और जस्टिस रेखा पाल्ली की बेंच ने यह बात महाराजा अग्रसेन अस्पताल की याचिका पर सुनवाई के दौरान कही। बेंच ने कहा कि दिल्ली सरकार हमें बताए कि ऑक्सीजन की सप्लाई में बाधा कौन डाल रहा है, हम उस व्यक्ति को फांसी देंगे। हम किसी को नहीं बख्शेंगे।
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दिल्ली को कब मिलेगा 480 मीट्रिक टन ऑक्सीजन
केजरीवाल सरकार ने कोर्ट को बताया कि उसे केंद्र की तरफ से अभी रोजोना सिर्फ 380 मीट्रिक टन ऑक्सीजन ही मिल रही है और पिछले कुछ दिनों से सिर्फ 300 मीट्रिक टन ऑक्सीजन ही मिल रही है। इस पर हाई कोर्ट ने केंद्र से भी पूछा है कि वो दिल्ली को रोजाना 480 मीट्रिक टन ऑक्सीजन कब से देगी।
याचिका दायर करनेवाले अस्पताल
महाराजा अग्रसेन अस्पताल के अलावा जयपुर गोल्डन अस्पताल, बत्रा अस्पताल और सरोज अस्पताल ने भी याचिका दायर की थी।
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