Ranchi : झारखंड को वैश्विक निवेश के नक्शे पर चमकाने की कोशिशों के तहत CM हेमंत सोरेन के नेतृत्व में राज्य सरकार का उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल 19 से 27 अप्रैल तक स्पेन और स्वीडन के दौरे पर रहा। अब यह यात्रा पूरी हो चुकी है और टीम आज यानी 29 अप्रैल को झारखंड लौट सकती है। इस विदेश दौरे के दौरान CM हेमंत सोरेन और अधिकारियों ने खनन, ऑटोमोबाइल, स्टार्टअप, क्लीन एनर्जी और स्पोर्ट्स जैसे क्षेत्रों में निवेशकों के साथ दर्जनों बैठकें कीं। उन्हें बताया गया कि झारखंड एशिया का उभरता हुआ ऑटोमोबाइल हब है और यहां निवेश के लिये सरकार शानदार प्रोत्साहन योजनायें चला रही है।
टेस्ला ने दिखाई रुचि
यात्रा की सबसे बड़ी सफलता के तौर पर टेस्ला ग्रुप ने झारखंड में वाणिज्यिक और औद्योगिक बैटरियों के निर्माण के लिये फैक्ट्री लगाने की इच्छा जताई है। वहीं, स्टार्टअप मेंटरशिप, बायो फार्मा और खाद्य प्रसंस्करण (कटहल, टमाटर) जैसे सेक्टरों में भी निवेश की संभावनाओं पर बातचीत हुई। प्रतिनिधिमंडल ने बार्सिलोना में फुटबॉल क्लब ICD स्पाइनल से प्रशिक्षण समझौते का प्रस्ताव पाया है, जिससे झारखंड में फुटबॉल का स्तर ऊंचा उठ सकता है। इधर, विदेश यात्रा पर बीजेपी ने सवाल खड़े कर दिये हैं। पार्टी ने मांग की है कि सरकार सार्वजनिक करे कि दौरे से राज्य को क्या फायदा हुआ।
जवाब में झामुमो ने इस यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुये कहा कि टेस्ला जैसी कंपनी की रुचि राज्य के लिये बड़ी उपलब्धि है।
मुख्य बिंदु
- 12 से ज्यादा बैठकें: खनन, ऑटोमोबाइल, स्टार्टअप और खेल क्षेत्र में निवेशकों से बातचीत।
- झारखंड का प्रमोशन: खनिज संपदा, ऑटोमोबाइल क्लस्टर और सरकारी प्रोत्साहन योजनाओं का प्रचार।
- टेस्ला की दिलचस्पी: राज्य में बैटरी निर्माण के लिए फैक्ट्री लगाने का प्रस्ताव मिला।
- खेल विकास की पहल: बार्सिलोना के फुटबॉल क्लब के साथ कोच प्रशिक्षण का प्रस्ताव।
- स्टार्टअप और क्लीन एनर्जी: स्टार्टअप मेंटरशिप, क्लीन एनर्जी और बायो फार्मा क्षेत्र में चर्चा।
- खाद्य प्रसंस्करण पर फोकस: कटहल, टमाटर जैसे उत्पादों के प्रोसेसिंग सेक्टर में निवेश आकर्षित करने की कोशिश।






