spot_img

ओडिशा में बाढ़, बंगाल की खाड़ी में बन रहा नया लो प्रेशर…

Date:

spot_img
spot_img

Kohramlive : ओडिशा अभी बाढ़ ने फिर चिंता बढ़ा दी है। बंगाल की खाड़ी में एक नया कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना ने प्रशासन की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। मौसम विभाग के मुताबिक इसके असर से राज्य के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार मध्य म्यांमार और आसपास बना ऊपरी वायुमंडलीय चक्रवाती परिसंचरण अब पश्चिम बंगाल-बांग्लादेश के तटों से दूर उत्तरी बंगाल की खाड़ी में पहुंच गया है। इसके प्रभाव से अगले 24 घंटे में इसी क्षेत्र में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। मौसम केंद्र, भुवनेश्वर की वैज्ञानिक राजश्री के मुताबिक इसके प्रभाव से ओडिशा में कई जगह गरज-चमक के साथ भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। बारिश का यह दौर 29 अगस्त की सुबह तक जारी रहने का अनुमान है।

703 गांव अब भी बाढ़ के पानी में

प्रशासन के मुताबिक राज्य में बाढ़ की स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है। प्रमुख नदियों का जलस्तर घटा है और वे खतरे के निशान से काफी नीचे बह रही हैं। लेकिन जमीनी तस्वीर अभी भी पूरी तरह राहत वाली नहीं है। बालासोर, केंद्रापड़ा, भद्रक और जाजपुर के 703 गांव अब भी बाढ़ से प्रभावित हैं। प्रशासन की प्राथमिकता इन इलाकों में कटे हुये गांवों तक संपर्क बहाल करना, लोगों को पका भोजन और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराना है। हाल की बाढ़ ने ओडिशा के सात जिलों, बालासोर, भद्रक, जाजपुर, केंद्रापड़ा, मयूरभंज, क्योंझर और सुंदरगढ़ में करीब 14 लाख लोगों को प्रभावित किया है। राहत और बचाव अभियान को तेज करने के लिये कुल 86 टीमें तैनात की गई हैं। इसमें 32 ODRAF टीमें, 8 NDRF टीमें, 46 फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज की टीमें शामिल हैं। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि बारिश बढ़ी तो राहत और बचाव में कोई कसर नहीं छोड़ी जायेगी।

167.55 करोड़ रुपये राहत के लिये जारी

बाढ़ राहत शिविरों, बचाव अभियान और जरूरी व्यवस्थाओं के लिए SDRF से तीन चरणों में 167.55 करोड़ रुपये जारी किये गये हैं। विशेष राहत आयुक्त (SRC) राजेश पी. पाटिल ने सभी जिलों को अलर्ट रहने के निर्देश दिये हैं। राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र और SRC कार्यालय जिला आपातकालीन संचालन केंद्रों के साथ मिलकर 24 घंटे स्थिति पर नजर रख रहे हैं। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक 22 और 23 अगस्त को मयूरभंज और क्योंझर में भारी बारिश हुई तो जालका और बुधबलंगा नदियों में फिर बाढ़ की स्थिति बन सकती है। इसका असर बालासोर और मयूरभंज के कुछ इलाकों में दिखाई दे सकता है। ऐसे में प्रशासन पुराने बाढ़ प्रभावित इलाकों पर खास नजर रख रहा है।

जाजपुर-भद्रक में स्कूल और आंगनबाड़ी बंद

मौसम की स्थिति को देखते हुये जाजपुर और भद्रक जिला प्रशासन ने शनिवार को स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखने का फैसला किया। सरकार की चिंता सिर्फ बाढ़ और बारिश तक सीमित नहीं है। मुख्य सचिव अनु गर्ग के मुताबिक बाढ़ के बाद प्रभावित इलाकों में बीमारी या महामारी फैलने से रोकने के लिये स्वास्थ्य विभाग व्यापक स्तर पर काम कर रहा है।IMD ने 22 से 24 अगस्त तक मछुआरों को समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी है। समुद्र की स्थिति को देखते हुये यह एहतियाती कदम उठाया गया है।

इसे भी पढ़ें :

साप्ताहिक राशिफल(23-29 अगस्त) : इन्हें होगा धन लाभ…

Kohramlive : अगस्त का आखिरी सप्ताह अपने साथ कुछ...

बंगाल की खाड़ी के समंदर में डूबा जहाज, 24 जिंदगियां दांव पर…

Kohramlive : बंगाल की खाड़ी में शनिवार की रात...

अभय, अक्षय और सुषमा रिमांड पर…

Ranchi : CID में दर्ज FIR के संंदेही गुनहगार...

सेमीफाइनल से पहले भारत को बड़ा झटका…

Kohramlive : FIH मेंस हॉकी वर्ल्ड कप 2026 के...

श्री राम सेवा चैरिटेबल ट्रस्ट के राष्ट्रीय महामंत्री बने अखिलेश…

Ranchi : समाजसेवा की राह पर लगातार सक्रिय रहने...

Advertisement

spot_img
spot_img
spot_img
spot_img

Related articles:

साप्ताहिक राशिफल(23-29 अगस्त) : इन्हें होगा धन लाभ…

Kohramlive : अगस्त का आखिरी सप्ताह अपने साथ कुछ...

बंगाल की खाड़ी के समंदर में डूबा जहाज, 24 जिंदगियां दांव पर…

Kohramlive : बंगाल की खाड़ी में शनिवार की रात...

अभय, अक्षय और सुषमा रिमांड पर…

Ranchi : CID में दर्ज FIR के संंदेही गुनहगार...

सेमीफाइनल से पहले भारत को बड़ा झटका…

Kohramlive : FIH मेंस हॉकी वर्ल्ड कप 2026 के...

श्री राम सेवा चैरिटेबल ट्रस्ट के राष्ट्रीय महामंत्री बने अखिलेश…

Ranchi : समाजसेवा की राह पर लगातार सक्रिय रहने...