Khunti : गन्सु ओड़ेया मर्डर केस का खूंटी की मुरहू पुलिस ने खुलासा कर दिया है। हत्याकांड में दो संदेही गुनहगारों को अरेस्ट किया गया है। इनके नाम नंदू लोहरा उर्फ बुधु लोहरा (22) और पांडेया पूर्ति उर्फ लाको (25) बताया गया। दोनों खूंटी के सायको थाना क्षेत्र के रहनेवाले हैं। उनकी निशानदेही पर वारदात को अंजाम देने में इस्तेमाल कुल्हाड़ी, खून लगा मफलर और मृतक का मोबाइल फोन बरामद किया गया है। इस बात का खुलासा आज खूंटी डीएसपी वरुण रजक ने मीडिया के सामने किया। डीएसपी ने बताया कि बीते पांच फरवरी को गन्सु ओड़ेया की नृशंस हत्या कर दी गई थी। तीन लोग उसके घर में घुस गये थे। पहले उसे लाठी-डंडे से खूब पीटा गया। इसके बाद कुल्हाड़ी के वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया गया। खून से लथपथ गन्सु ओड़ेया ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वहीं, हमलावरों में से एक शख्स के हाथ की तीन उंगलियां कट कर अलग हो गई। उसका इलाज अस्पताल में चल रहा है। गन्सु को मारने के बाद हमलावर वहां से भाग निकले।
इस कांड को खूंटी के पुलिस कप्तान अमन कुमार ने काफी गंभीरता से लिया। तेज तर्रार अफसर माने जाने वाले मुरहू के थानेदार मो. इकबाल हुसैन की देखरेख में SIT गठित की गई। गठित टीम को जल्द से जल्द कातिलों को दबोचने का टास्क दिया गया। टेक्निकल सेल की भी मदद ली गई। तफ्तीश के दरम्यान थानेदार मो. इकबाल हुसैन को एक क्लू मिला और पुलिस ने नन्दू लोहरा एवं पांडेया पूर्ति को उठा लिया। कड़ाई से पूछताछ करने पर दोनों टूट गये और अपना गुनाह कबूल कर लिया। पुलिस को दिये अपने बयान में दोनों ने बताया कि दारू पीने के दरम्यान इनके बीच लफड़ा हो गया था। जिसके बाद सभी ने मिलकर गन्सु ओड़ेया का काम तमाम कर दिया। गिरफ्तार संदेही गुनहगारों का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है। उनके खिलाफ सायको थाना में हत्या का मामला दर्ज है। यह मामला 27 जुलाई 2021 को दर्ज किया गया था।
हमलावरों को दबोचने में मुरहू थानेदार मो. इकबाल हुसैन, एसआई दिगम्बर पांडेय, विक्की ठाकुर और लक्ष्मण चौधरी की सराहनीय भुमिका रही। सुनें क्या बोले डीएसपी वरुण रजक…
दारू पीने में हुआ लफड़ा, फिर सलटा दिया गन्सु ओड़ेया को… क्या बोले DSP वरुण रजक… जानें pic.twitter.com/1JvBBAJowx
— KohramLive (@KohramLive) February 21, 2024
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