Ranchi : थाना, वह जगह जहां आम आदमी उम्मीद लेकर पहुंचता है। किसी को न्याय चाहिये, किसी को सुरक्षा और किसी को अपनी शिकायत की सुनवाई। ऐसे में अगर थाने की गतिविधियां कैमरे की नजर में हों, तो भरोसा भी बढ़ेगा और जवाबदेही भी। झारखंड सरकार के सभी थानों में CCTV कैमरे लगाने के कैबिनेट फैसले का झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी ने स्वागत किया है। प्रदेश प्रवक्ता विजय शंकर नायक ने इसे पारदर्शी पुलिसिंग, जनता के अधिकारों और पुलिस की जवाबदेही को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। विजय शंकर नायक ने कहा कि थाने के प्रवेश द्वार, रिसेप्शन, पूछताछ कक्ष, हवालात, मालखाना, पुलिस पदाधिकारियों के कार्यालय और अन्य संवेदनशील स्थानों पर CCTV की प्रभावी व्यवस्था होनी चाहिये। इससे किसी घटना के बाद वास्तविक तथ्यों की जांच में मदद मिल सकेगी। वहीं, पुलिसकर्मियों और थाने आने वाले आम नागरिक, दोनों के अधिकारों की बेहतर सुरक्षा हो सकेगी।
कैमरा लगा देना काफी नहीं, फुटेज भी सुरक्षित रहे
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि CCTV लगाने की योजना सिर्फ कैमरा लगाने तक सीमित नहीं रहनी चाहिये। फुटेज कितने दिनों तक सुरक्षित रहेगा, उसकी निगरानी कौन करेगा और रिकॉर्ड से छेड़छाड़ कैसे रोकी जायेगी, इन सवालों का भी स्पष्ट जवाब जरूरी है। उन्होंने सरकार से पर्याप्त स्टोरेज अवधि, सुरक्षित डिजिटल बैकअप और ऑडिट व्यवस्था सुनिश्चित करने का सुझाव दिया। उनके मुताबिक, मजबूत व्यवस्था होगी तभी CCTV का मकसद जमीन पर दिखाई देगा। विजय शंकर नायक ने थानों में CCTV के साथ जनता की सुविधा बढ़ाने पर भी जोर दिया। उन्होंने Citizen Facilitation Desk, महिला एवं वरिष्ठ नागरिक सहायता काउंटर और ऑनलाइन शिकायत ट्रैकिंग सिस्टम को मजबूत करने की मांग की। उनका कहना है कि थाने में शिकायत देने वाले नागरिक को उसके आवेदन की प्राप्ति रसीद और शिकायत की स्थिति जानने की सुविधा मिलनी चाहिये। क्योंकि आम आदमी के लिये थाने का चक्कर लगाना ही कई बार सबसे बड़ी परेशानी बन जाता है। कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि पुलिस सुधार का मतलब सिर्फ अपराध रोकना नहीं है। इसका मतलब यह भी है कि थाने पहुंचने वाले हर व्यक्ति के साथ सम्मानजनक व्यवहार और समयबद्ध शिकायत निवारण सुनिश्चित हो। उन्होंने थानों में महिला पुलिसकर्मियों की पर्याप्त तैनाती, साइबर अपराध सहायता डेस्क, महिलाओं और बच्चों के लिए सुरक्षित शिकायत व्यवस्था, बुजुर्गों और दिव्यांग नागरिकों के लिए सुगम पहुंच जैसी व्यवस्थाओं को प्राथमिकता देने की मांग की।
पुलिसकर्मियों के लिये भी बनेगा सुरक्षा कवच
विजय शंकर नायक ने कहा कि CCTV का फायदा सिर्फ जनता को ही नहीं मिलेगा। किसी पुलिसकर्मी पर झूठा आरोप लगने या किसी घटना को लेकर गलतफहमी पैदा होने की स्थिति में CCTV फुटेज वास्तविक घटनाक्रम सामने लाने में मदद कर सकता है। विजय शंकर नायक ने कहा कि सरकार के ऐसे फैसलों का असली महत्व उनके प्रभावी क्रियान्वयन से साबित होता है। उन्होंने CCTV परियोजना में गुणवत्ता, पारदर्शी खरीद प्रक्रिया, नियमित रखरखाव और स्पष्ट जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि यह योजना सिर्फ सरकारी घोषणा बनकर न रह जाये, बल्कि जब कोई आम आदमी थाने की चौखट पर पहुंचे तो उसे यह भरोसा मिले कि उसकी बात सुनी जायेगी, उसकी शिकायत दर्ज होगी और पूरी प्रक्रिया पारदर्शिता के साथ आगे बढ़ेगी।







