Kohramlive : देश के पहले और मौजूदा चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान पहली बार रांची पहुंचे, जहां एयरपोर्ट पर उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। पूर्व सैनिकों और सैन्य अधिकारियों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने देश की सैन्य दृढ़ता का परिचय दिया है। ऐसे में जनरल चौहान की मौजूदगी खास रणनीतिक संदेश दे रही है।
खेलगांव में पहली बार रक्षा प्रदर्शनी
जनरल चौहान रांची में चल रहे तीन दिवसीय डिफेंस एग्जीबिशन एंड सेमिनार में हिस्सा लेने आये हैं। इस आयोजन में रक्षा क्षेत्र की अत्याधुनिक तकनीकें, सैन्य रणनीतियां और युवाओं की भूमिका जैसे अहम मुद्दों पर मंथन होगा। यह पहला मौका है जब झारखंड की धरती पर इतनी बड़ी रक्षा प्रदर्शनी का आयोजन हो रहा है।
रांची को मिली राष्ट्रीय पहचान की दस्तक
राज्य सरकार और रक्षा मंत्रालय की साझेदारी में हो रहा यह आयोजन झारखंड को रक्षा और नीति-निर्माण के नक्शे पर एक नई पहचान दिला सकता है। युवाओं के लिए यह एक बड़ा अवसर है जहां वे देश-विदेश के रक्षा विशेषज्ञों और तकनीकी नवाचारों से सीधे जुड़ सकेंगे।
क्या है खास
फोकस: आत्मनिर्भर भारत, स्वदेशी हथियार, रक्षा अनुसंधान, सैन्य प्रशिक्षण
शिरकत: देश-विदेश के रक्षा विशेषज्ञ, सैन्य अफसर, छात्र और इंडस्ट्री प्रतिनिधि
लक्ष्य: झारखंड को राष्ट्रीय सुरक्षा और टेक इनोवेशन हब के रूप में उभारना












